Haryana News: हरियाणा के एनसीआर क्षेत्र में बढ़ते वायु प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। डीसी वर्षा खांगवाल ने स्पष्ट किया कि खुले में कचरा जलाकर पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वालों के प्रति किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने आमजन और किसानों को आगाह करते हुए कहा कि धान कटाई के पीक सीजन में पराली प्रबंधन के निर्धारित उपाय अपनाएं और ठोस कचरे को खुले में जलाने से पूरी तरह परहेज करें। डीसी ने नगर परिषद बहादुरगढ़ सभागार में वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
डीसी ने कहा कि खुले में कचरा जलाना पर्यावरण के साथ-साथ आमजन के स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा है। कचरा जलने से निकलने वाला जहरीला धुआं वातावरण में हानिकारक गैसें और सूक्ष्म कण फैलाता है, जिससे सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इसका सबसे अधिक प्रतिकूल प्रभाव बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ता है। इसलिए कोई भी व्यक्ति कचरा जलाकर दूसरों की सेहत को खतरे में न डाले।
प्लास्टिक व ठोस कचरा जलाने पर रोक, उचित निस्तारण करें नागरिक
डीसी ने कहा कि प्लास्टिक सहित अन्य ठोस कचरे को जलाने से वायु प्रदूषण बढ़ने के साथ मिट्टी और जल की गुणवत्ता पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। नागरिक अपने घरों, दुकानों और व्यावसायिक संस्थानों में गीले एवं सूखे कचरे को अलग-अलग रखें। पुनर्चक्रण योग्य सामग्री को पृथक करें और कचरे के निस्तारण के लिए नगर निकायों की निर्धारित संग्रहण व्यवस्था का उपयोग करें।
धान कटाई सीजन में किसान पराली प्रबंधन को दें प्राथमिकता
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि इन दिनों जिला झज्जर में धान कटाई का कार्य चरम पर है। ऐसे में किसान फसल अवशेषों का उचित प्रबंधन सुनिश्चित करें और पराली जलाने से बचें। उन्होंने कहा कि वायु प्रदूषण पर नियंत्रण केवल प्रशासनिक प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए किसानों, आम नागरिकों और सभी संबंधित संस्थानों को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी।
संबंधित विभाग जागरूकता के साथ निगरानी भी बढ़ाएं
डीसी ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि खुले में कचरा जलाने की रोकथाम के लिए जागरूकता अभियान चलाने के साथ-साथ कचरे के उचित संग्रहण एवं निस्तारण की व्यवस्था प्रभावी बनाए रखें। अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में निगरानी रखें और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े नियमों की पालना सुनिश्चित करें।
डीसी ने आमजन से आह्वान किया कि प्रदूषण फैलाने वाली गतिविधियों से दूर रहें और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करें। उन्होंने कहा कि स्वच्छ हवा और स्वस्थ वातावरण प्रत्येक नागरिक का अधिकार है तथा इसकी रक्षा करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। जनसहयोग से ही झज्जर को स्वच्छ, स्वस्थ एवं प्रदूषण मुक्त बनाया जा सकता है।