Haryana : हरियाणा सरकार ने राज्य के क्लर्कों के लिए ‘हरियाणा क्लेरिकल (भर्ती एवं सेवा शर्तें) अधिनियम-2026’ लागू कर दिया है। राज्यपाल की मंजूरी के बाद 3 जून को इसे राजपत्र (गजट) में प्रकाशित किया गया। नए कानून के लागू होने के साथ ही क्लर्कों की भर्ती, पदोन्नति और तबादलों से जुड़े नियम बदल जाएंगे। नए प्रावधानों के अनुसार क्लर्कों का तबादला प्रदेश सरकार के किसी भी विभाग में, राज्य के भीतर या बाहर किया जा सकेगा। आवश्यकता पड़ने पर कर्मचारियों को केंद्र सरकार अथवा अन्य सार्वजनिक उपक्रमों में प्रतिनियुक्ति पर भी भेजा जा सकेगा।
ये है भर्ती का नया फॉर्मूला
65 प्रतिशत पद सीधे भर्ती से भरे जाएंगे।
30 प्रतिशत पद पदोन्नति (पदोन्नति कोटा) से भरे जाएंगे।
5 प्रतिशत नियुक्तियां अनुकंपा आधार (आश्रितों को नौकरी) पर की जाएंगी।
ग्रुप-डी कर्मचारियों के लिए पदोन्नति की शर्तें
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ग्रुप-डी कर्मचारियों को क्लर्क पद पर पदोन्नति पाने के लिए कई शर्तें पूरी करनी होंगी। इनमें:
न्यूनतम 10+2 उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा।
कम से कम 5 वर्ष की नियमित सेवा पूरी हो चुकी हो।
पिछले रिकॉर्ड में 70 प्रतिशत या उससे अधिक ‘गुड’ या ‘वेरी गुड’ एसीआर हो।
कोई विभागीय या न्यायिक जांच लंबित न हो।
एसईटीसी पार्ट-1 परीक्षा उत्तीर्ण की हो।
सीधी भर्ती के लिए योग्यता और आयु सीमा
सीधी भर्ती के लिए अभ्यर्थियों को आयु और शैक्षणिक योग्यता में निर्धारित मानदंड पूरे करने होंगे। आयु सीमा 18 से 42 वर्ष तय की गई है, जबकि आरक्षित वर्गों को नियमानुसार छूट मिलेगी।
शैक्षणिक योग्यता के तहत उम्मीदवार का न्यूनतम 10+2 या समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण होना आवश्यक होगा। साथ ही, मैट्रिक (10वीं) स्तर पर हिंदी या संस्कृत विषय का अध्ययन अनिवार्य रहेगा।
नए कानून के लागू होने से राज्य में क्लर्कों की भर्ती और पदोन्नति प्रक्रिया में पारदर्शिता तथा स्पष्टता आने की उम्मीद है।