Delhi News: राजधानी दिल्ली में E-20 फ्यूल को लेकर अरविंद केजरीवाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने पुरानी गाड़ियों में E-20 फ्यूल के इस्तेमाल को लेकर 29 ऑटो मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों को पत्र लिखा है। उन्होंने किहा कि उन्होंने मारुति, टोयोटा और हीरो जैसी तीन कंपनियों को अलग-अलग पत्र भेजे हैं, जिन्होंने पहले एक सरकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि E-20 फ्यूल से पुरानी गाड़ियों में कोई समस्या नहीं होगी।
केजरीवाल ने कहा, "आज मैंने 29 ऑटो मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों को पत्र लिखा है। मैंने मारुति, टोयोटा और हीरो जैसी तीन कंपनियों को अलग-अलग पत्र भेजे, जिन्होंने सरकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि E-20 फ्यूल से पुरानी गाड़ियों में कोई समस्या नहीं होगी। मैंने इन तीनों कंपनियों का ध्यान इस बात की ओर दिलाया कि वे अपने ओनर्स मैनुअल में बताएं कि पुरानी गाड़ियों में E-10 से ज़्यादा इथेनॉल वाले फ्यूल का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्होंने कंपनियों से दो खास सवाल पूछे हैं।
क्या कंपनी नुकसान की भरपाई करेगी?- अरविंद केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैंने उनसे दो सवाल पूछे हैं, अगर E-20 के इस्तेमाल से माइलेज में पांच प्रतिशत से ज़्यादा की कमी आती है या किसी पुर्जे को नुकसान पहुंचता है, तो क्या मुआवज़ा दिया जाएगा? उन्हें जनता को बताना चाहिए कि क्या 2023 से पहले बनी उनकी गाड़ियों में E-20 का इस्तेमाल किया जा सकता है। अगर हां, तो माइलेज की समस्या या किसी पुर्जे के खराब होने की स्थिति में, क्या कंपनी नुकसान की भरपाई करेगी?।
E-20 फ्यूल से ग्राहकों को होने वाली समस्याओं की खबरें गलत- हरदीप पुरी
इससे पहले, केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोमवार को कहा था कि E-20 फ्यूल से ग्राहकों को होने वाली समस्याओं की खबरें "गलत बयानी" हैं, और ज़ोर देकर कहा कि ज़्यादा E-25 ब्लेंड की ओर बढ़ने का कदम तभी उठाया जाएगा जब टेस्ट पूरे हो जाएंगे और ऑटोमेकर्स के साथ चर्चा हो जाएगी।