Search KhabarFast

Press ESC to close

केदारनाथ के पास छिपे हैं ये हिडन प्लेसेस, जहां भीड़ नहीं सिर्फ सुकून मिलता है; जरूर करें लिस्ट में शामिल

केदारनाथ के पास छिपे हैं ये हिडन प्लेसेस, जहां भीड़ नहीं सिर्फ सुकून मिलता है; जरूर करें लिस्ट में शामिल

Kedarnath Hidden Places: युवा वर्ग हो या बुजुर्ग...चारधाम यात्रा का नाम सुनते ही लोगों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिलता है। इस समय केदारनाथ धाम में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी है। दुनियाभर से लोग यहां दर्शन करने आ रहे हैं। लेकिन अब सिर्फ मंदिर के दर्शन करके लौट जाना पुरानी बात हो गई है। चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालु और पर्यटक अब मुख्य मंदिर के अलावा आसपास की उन छिपी हुई जगहों के बारे में भी जानना चाहचे है, जहां शांति, प्राकृतिक सौंदर्य और आध्यात्मिक ऊर्जा का वास हो, जहां उन्हें अच्छा अनुभव मिलें। तो चलिए उन जगहों के बारे में जानते हैं, जो केदार घाटी की असली सुंदरता दिखाती हैं।

1. भैरवनाथ मंदिर (Bhairavnath Temple)

केदारनाथ मंदिर से महज 1 किलोमीटर की छोटी चढ़ाई पर स्थित यह मंदिर केदारनाथ घाटी का रक्षक माना जाता है। यहां भगवान शिव के उग्र रूप भैरव बाबा की पूजा की जाती है। यहां की ऊंचाई से केदारनाथ मंदिर, मंदाकिनी नदी और हिमालय की चोटियों का अद्भुत नजारा देखने को मिलता है। केदारनाथ  धाम की भीड़-भाड़ से दूर इस मंदिर में आपको सुकूनभरी शांति का अनुभव होगा।

Also read: IRCTC लाया धार्मिक टूर पैकेज, अब एक ही यात्रा में होंगे तिरुपति, रामेश्वरम से लेकर काशी, महाकाल तक के दर्शन

2. वासुकी ताल (Vasuki Tal)

केदारनाथ से करीब 8- किलोमीटर की ट्रेक पर स्थित वासुकी ताल 4,135 से 4,150 मीटर ऊंचाई पर स्थित है। यह ग्लेशियर झील हिमालय की सबसे खूबसूरत छिपी हुई जगहों में से एक है। चारों तरफ बर्फीली चोटियां और शांत पानी का दृश्य मन मोह लेता है। ट्रेकिंग प्रेमियों के लिए यह किसी स्वर्ग से कम नहीं है।

3. चोराबारी ताल (Chorabari Tal)

केदारनाथ मंदिर से सिर्फ 3 किलोमीटर दूर यह शांत ताल गांधी सरोवर के नाम से भी जाना जाता है। आसपास के बुग्याल, पानी में बना बर्फीली चोटियों का प्रतिबिंब और शांत वातावरण मंत्रमुग्ध कर देता है। केदारनाथ यात्रा के बाद आप यहां घूमने का प्लान कर सकते हैं।

5. त्रियुगीनारायण मंदिर (Triyuginarayan Temple)

केदारनाथ से करीब 25 किलोमीटर दूर सोनप्रयाग के पास स्थित यह प्राचीन मंदिर भगवान शिव और पार्वती जी के विवाह स्थल के रूप में जाना जाता है।। खास बात यह है कि यहां सदियों से अखंड ज्योति जल रही है। यह पूरा इलाका घने जंगलों और पहाड़ों से घिरा है, लेकिन शांत वातावरण आपका ध्यान भटकने नहीं देगा।  

Leave Your Comments



संबंधित समाचार

त्योहारी सीजन में दिल्ली से बिहार-झारखंड ट्रैवल करना होगा आसान, इन चार रुटों पर 01 दिसंबर तक जारी रहेगी स्पेशल ट्रेनों की सेवाएं

Indian Railway: दीवाली, तीज जैसे त्योहारों के समय यात्रियों की सुविधाओं के लिए भारतीय रेलवे अक्सर कई तरह की स्पेशल ट्रेन सेवाएं शुरु करता है, जिससे यात्री बिना किसी दिक्कत के सफर कर सकते हैं। इसी बीच रेलवे ने बिहार और झारखंड के यात्रियों को राहत देते हुए कई स्पेशल ट्रेनों की अवधि बढ़ा दी है।

त्योहारों पर घर जाना होगा आसान...रेलवे ने दिया दिवाली-छठ पर स्पेशल ट्रेनों का तोहफा, यहां देखें कब से शुरु होंगी सेवाएं

Festive Season Special Trains: त्योहारी सीजन में अक्सर यात्रियों की भीड़ बढ़ जाती है। जिसके लिए भारतीय रेलवे कई तरह की स्पेशल ट्रेन सेवाएं शुरु करता है। इन सेवाओं का मकसद यात्रियों का सफर आसान बनाना है, ताकि वे बिना किसी दिक्कत के अपनी यात्रा पूरी कर सकें।

दिवाली-छठ पर घर जाने वालों के लिए बड़ी राहत, दिल्ली से हावड़ा-सुपौल-भागलपुर के लिए स्पेशल ट्रेनों का मिला तोहफा; देखें पूरा शेड्यूल

रेलवे ने दिल्ली से पश्चिम बंगाल और बिहार के प्रमुख स्टेशनों के लिए फेस्टिवल स्पेशल ट्रेनें चलाने का ऐलान किया है। रेलवे ने दिल्ली से सुपौल, हावड़ा और भागलपुर के लिए इन स्पेशल ट्रेनेों की व्यवस्था की है। मालूम हो कि त्योहारी सीजन के समय ट्रेन की टिकट बुक करना यात्रियों के लिए एक बड़ा टास्क बन जाता है।

लाइव अपडेट

बड़ी खबरें

Khabar Fast