Uttarakhand News: उत्तराखंड में 1320 मेगावाट की ताप विद्युत परियोजना को लेकर सियासत गरमा गई है। कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा ने गुरुवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर धामी सरकार पर अडानी पावर को फायदा पहुंचाने का आरोप लगाया था। कांग्रेस ने टेंडर की 86 में से 84 शर्तों में बदलाव और 25 साल की बिजली खरीद को लेकर सवाल खड़े किए। अब इस पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पलटवार किया है। मुख्यमंत्री धामी ने कांग्रेस के आरोपों को झूठ की बुनियाद पर खड़ा बताया।
इन सभी आरोपों पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस के पास कोई मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए अलग-अलग मामलों को मुद्दा बनाकर राजनीति की जा रही है। धामी ने कहा कि राज्य में बिजली की मांग लगातार बढ़ रही है और आने वाले समय में इसकी जरूरत और बढ़ेगी, इसी को देखते हुए दीर्घकालिक जरूरतों के लिए यह करार किया गया है। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि इस करार से राज्य को सस्ती बिजली मिलेगी और अतिरिक्त बिजली होने पर उसे बेचकर राजस्व भी हासिल किया जा सकेगा।
वहीं, मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के समय हुए पुराने बिजली करारों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों के करारों के चलते आज राज्य को महंगी दरों पर बिजली खरीदनी पड़ रही है। मौजूदा प्रक्रिया राज्य के दीर्घकालिक हितों को ध्यान में रखकर की गई है और इसमें किसी तरह की गड़बड़ी नहीं होने दी जाएगी।