Consumer Price Index: देश में महंगाई एक बार फिर बढ़ती नजर आ रही है। जून 2026 में खुदरा महंगाई दर बढ़कर 4.38 प्रतिशत हो गई है। मई महीने में यह दर 3.93 प्रतिशत थी। सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) की ओर से जारी शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने से कुल महंगाई दर में बढ़ोतरी हुई है। खाद्य महंगाई दर भी जून में बढ़कर 5.32 प्रतिशत हो गई, जबकि मई में यह 4.78 प्रतिशत थी। यानी पिछले महीने के मुकाबले खाने-पीने की चीजों की कीमतों में ज्यादा तेजी देखने को मिली।
ग्रामीण इलाकों में महंगाई का असर
आंकड़ों के मुताबिक, ग्रामीण इलाकों में महंगाई का असर शहरों के मुकाबले ज्यादा रहा। गांवों में खुदरा महंगाई दर 4.74 प्रतिशत दर्ज की गई, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह 3.92 प्रतिशत रही। अगर अलग-अलग चीजों की बात करें तो अदरक की कीमतों में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की गई। जून में अदरक की सालाना महंगाई दर 50.41 प्रतिशत रही। वहीं टमाटर के दाम भी काफी ऊंचे बने रहे और इसकी महंगाई दर 31.92 प्रतिशत दर्ज की गई। किशमिश की कीमतों में भी 20.52 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई।
धातुओं की कीमतों में भी तेजी जारी
महंगे धातुओं की कीमतों में भी तेजी जारी रही। सोना, हीरा और प्लैटिनम के आभूषणों की महंगाई दर 36.82 प्रतिशत रही, जबकि चांदी के आभूषणों की कीमतों में 133.21 प्रतिशत की बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई। हालांकि कुछ चीजों के दाम पिछले साल के मुकाबले कम भी हुए हैं। जून में आलू की कीमतों में 20.3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि मटर के दाम 9.67 प्रतिशत कम हुए। इसके अलावा कार, जीरा और मोटरसाइकिल-सcooter जैसी चीजों की कीमतें भी पिछले साल की तुलना में कम रहीं।
सरकार जुटा रही जानकारी
मकानों से जुड़ी महंगाई दर जून में ज्यादा नहीं बढ़ी और यह 2.10 प्रतिशत पर रही। सरकार ने बताया कि महंगाई के आंकड़े तैयार करने के लिए देशभर के 1,407 शहरी बाजारों और 1,465 गांवों से कीमतों की जानकारी जुटाई गई। इस दौरान ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों से 100 प्रतिशत आंकड़े प्राप्त हुए। सरकार जुलाई 2026 की खुदरा महंगाई दर के आंकड़े 12 अगस्त 2026 को जारी करेगी। विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले समय में खाद्य वस्तुओं की कीमतें महंगाई की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगी।
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