
www.khabarfast.com
राष्ट्र के नाम राष्ट्रपति का संबोधन
अंशाति फैलाने वालों को उचित जवाब देंगे- राष्ट्रपति
पहले की तरह धूमधाम से नहीं मनाएंगे स्वतंत्रता दिवस
नई दिल्ली: स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने राष्ट्र को संबोधित किया और कहा कि इस बार पूर्व की भांति स्वतंत्रता दिवस धूमधाम से नहीं मनाया जाएगा. इसका कारण स्पष्ट है. कोरोना जैसी महामारी ने पूरे विश्व को घुटने के बल चलने पर मजबूर कर दिया है. पूरा विश्व इस घातक वायरस से दो चार हो रहा है. राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में महामहिम ने कहा कि जो अशांति फैलाने का काम कर रहे है उनको उचित जवाब दिया जाएगा.
शुक्रवार शाम को अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने कहा इस महामारी के अग्रिम पंक्ति के योद्धा रहे नर्सों, डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों का यह देश हमेशा ऋणी रहेगा. इन योद्धाओं के प्रयास से इस कोरोना वायरस के विकरालता पर नियंत्रण पाया गया. जो पूरी दुनिया के लिए भारत ने उदाहरण पेश किया. राष्ट्रपति ने कहा कि इस घातक वायरस ने जन-जीवन को भारी क्षति पहुंचाई है और हर प्रकार की गतिविधियों में बाधा उत्पन्न की है. उन्होंने कहा कि यह बहुत आश्वस्त करने वाली बात है कि इस चुनौती का सामना करने के लिए, केंद्र सरकार ने पूर्वानुमान करते हुए, समय रहते, प्रभावी कदम उठा लिए थे. जिससे कोरोना वायरस पर नियंत्रण पाने में काफी मदद मिली है.
इस दौरान राष्ट्रपति ने कहा कि ‘प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना’ की शुरुआत करके सरकार ने करोड़ों लोगों को आजीविका दी है,जिससेमहामारी के कारण नौकरी गंवाने, एक जगह से दूसरी जगह जाने और जीवन के अस्त-व्यस्त होने के कष्ट को कम किया जा सके. उन्होंने कहा कि इसी दौरान, पश्चिम बंगाल और ओडिशा में आए ‘अम्फान’ चक्रवात ने भारी नुकसान पहुंचाया, जिससे हमारी चुनौतियां और बढ़ गईं. इस आपदा के दौरान, जान-माल की क्षति को कम करने में आपदा प्रबंधन दलों, केंद्र और राज्यों की एजेंसियों तथा सजग नागरिकों के एकजुट प्रयासों से काफी मदद मिली.
Leave a comment