दिल्ली में 1 जुलाई से 62 लाख वाहनों पर पेट्रोल-डीजल बैन, सख्त निगरानी का ये है प्लान

दिल्ली में 1 जुलाई से 62 लाख वाहनों पर पेट्रोल-डीजल बैन, सख्त निगरानी का ये है प्लान

Petrol-Diesel Ban in Delhi: दिल्ली सरकार ने वायु प्रदूषण को कम करने के लिए एक कदम उठाया है। 1 जुलाई 2025 से दिल्ली में 10 साल से अधिक पुरानी डीजल गाड़ियों और 15 साल से अधिक पुरानी पेट्रोल गाड़ियों को पेट्रोल पंपों पर ईंधन नहीं मिलेगा। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) के अनुसार इस नियम का प्रभाव दिल्ली में चल रही लगभग 62 लाख गाड़ियों पर पड़ेगा। जिनमें 41 लाख दोपहिया वाहन शामिल हैं। यह नियम न केवल दिल्ली बल्कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में भी लागू होगा।
 
ANPR कैमरे से निगरानी होगी
इस नियम को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए दिल्ली के 520 पेट्रोल पंपों में से 500 पर स्वचालित नंबर प्लेट पहचान (ANPR) कैमरे पहले ही स्थापित किए जा चुके हैं। ये कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट स्कैन करके उनकी उम्र और पंजीकरण विवरण को ‘VAHAN’ डेटाबेस से पता कर लेंगे। यदि कोई वाहन 10 साल (डीजल) या 15 साल (पेट्रोल) से पुराना पाया जाता है। तो उसे ईंधन देने से मना कर दिया जाएगा। बाकी 20 पेट्रोल पंपों पर 30 जून तक कैमरे लगाने का कार्य पूरा हो जाएगा। CAQM के तकनीकी सदस्य डॉ. वीरेंद्र शर्मा ने बताया कि अब तक 3.63 करोड़ वाहनों की जांच की जा चुकी है। जिनमें से 4.90 लाख वाहनों को ‘एंड-ऑफ-लाइफ’ (EoL) के रूप में चिह्नित किया गया है।
 
नियम का उल्लंघन और दंड
नियम का उल्लंघन करने वाले वाहनों को जब्त करने के लिए दिल्ली परिवहन विभाग ने 100 समर्पित टीमें तैयार की हैं। ये टीमें पेट्रोल पंपों पर डेटा की निगरानी करेंगी और उल्लंघन करने वाले वाहनों पर मोटर वाहन अधिनियम 1989 के तहत कार्रवाई करेंगी। उल्लंघनकर्ताओं पर जुर्माना और वाहन जब्ती जैसी सख्त कार्रवाई हो सकती है। इसके अलावा, 29.52 लाख वाहनों ने अपने प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (PUCC) का नवीनीकरण कराया है। जिसके परिणामस्वरूप 168 करोड़ रुपये के चालान जारी किए गए हैं।
 
NCR में भी लागू होगा नियम
यह प्रतिबंध केवल दिल्ली तक सीमित नहीं है। 1 नवंबर 2025 से गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर, और सोनीपत में भी यह नियम लागू होगा। NCR के अन्य जिलों में 1 अप्रैल 2026 से यह प्रतिबंध प्रभावी होगा। जहां 31 मार्च 2026 तक ANPR कैमरे स्थापित किए जाएंगे।
 
वाहन मालिकों के लिए विकल्प
पुराने वाहन मालिकों को सलाह दी गई है कि वे अपनी गाड़ियों को स्क्रैप करें या NCR के बाहर ले जाएं। स्क्रैपिंग पर रजिस्ट्रेशन फीस में छूट और रोड टैक्स में 15-25% की छूट मिल सकती है। सरकार का कहना है कि यह कदम दिल्ली की वायु गुणवत्ता में सुधार लाएगा और लोगों के स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव डालेगा।

Leave a comment