PM Modi: NEET पेपर लीक के बाद परीक्षा में व्यापक सुधारों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने इंफोसिस के सह-संस्थापक नंदन नीलेकणि की अगुवाई में हाई पावर टास्क फोर्स (उच्च स्तरीय कार्यबल) के गठन की घोषणा की है।
बता दें, उन्होंने ये ऐलान अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर की हैं। जिसमें उन्होंने स्पष्ट रूप से बताया कि भारत सरकार विद्यार्थियों के भविष्य के लिए कई कठोर कदम उठा रही है। इसके लिए परीक्षा सुधारों पर हाई पावर्ड टास्क फोर्स का गठन।
सोशल मीडिया पर शेयर किए गए वीडियो में PM मोदी ने कहा ‘हम फास्ट ट्रैक कोर्ट बना चुके हैं। हम कल संसट के अंदर भी कठोर कानूनों के प्रावधान के साथ नया कानून बनाने की दिशा में भी आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि हमें भविष्य के लिए सोचना है। इसलिए टास्क फोर्स के जरिए परीक्षा व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और तकनीक-आधारित बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
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कौन हैं नंदन नीलेकणि?
बता दें, 02 जून 1955 को कर्नाटक के बेंगलुरु में जन्मे नंदन निलेकणि IIT बॉम्बे से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में ग्रेजुएट हैं। नंदन नीलेकणि भारत के एक फेमस अरबपति उद्यमी, टेक्नोलॉजी विशेषज्ञ और भारत की दिग्गज IT कंपनी इन्फोसिस (Infosys) के सह-संस्थापक (Co-founder) व गैर-कार्यकारी अध्यक्ष (Non-Executive Chairman) हैं। इसके अलावा उन्हें साल 2009 में भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) का पहला अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। उनके नेतृत्व में बनाए जा रहे टास्क फोर्स का उद्देश्य छात्रों के भविष्य को सुरक्षित रखना, परीक्षाओं में अनियमितताओं का पता लगाना और उसे रोकना है।