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काली वर्दी में दिखेंगी ममता बनर्जी, 32 साल बाद करेंगी वकालत; SIR पर 'सुप्रीम' सुनवाई

काली वर्दी में दिखेंगी ममता बनर्जी, 32 साल बाद करेंगी वकालत; SIR पर 'सुप्रीम' सुनवाई

Supreme Court Hearing On SIR: सुप्रीम कोर्ट में 4 फरवरी को एसआईआर पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है। एसआईआर पर सुनवाई के दौरान सभी की नजरें सीएम ममता बनर्जी पर रहने वाली है। ऐसा इसलिए क्योंकि ममता बनर्जी 32 साल बाद वकालत करती नजर आएंगी। बता दें कि 32 साल पहले लड़े गए केस में ममता बनर्जी को जीत मिली थी।

ममता बनर्जी एसआईआर को लेकर विरोध जता चुकी हैं। अब ये लड़ाई सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच चुकी है। कोर्ट की बेबसाइट के अनुसार न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली की पीठ सुनवाई करेगी। बता दें कि कोर्ट में ममता बनर्जी, मोस्तारी बानू और टीएमसी सांसदों डेरेक ओ ब्रायन और डोला सेन की ओर से दाखिल याचिकाओं पर सुनवाई होनी है। 

एसआईआर पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा

इससे पहले पिछले महीने 19 जनवरी को सुप्रीम कोर्ट ने कई निर्देश दिए थे। सुप्रीम कोर्ट की तरफ से कहा गया था कि एसआईआर प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी होनी चाहिए, कोई असुविधा नहीं होनी चाहिए। कोर्ट ने चुनाव आयोग को लॉजिक विसंगतियों की लिस्ट में शामिल लोगों के नाम सामने रखने को कहा था। साथ ही दस्तावेज और आपत्तियां भी जमा की जाएंगी। बता दें कि ममता बनर्जी ने 28 जनवरी को अपनी याचिका दायर की थी। उन्होंने चुनाव आयोग और पश्चिम बंगाल चुनाव आयोग के अधिकारी को पक्षकार बनाया था।

32 साल पहले लड़ीं आखिरी केस

इससे पहले 10 फरवरी 1994 को ममता आखिरी बार कोर्ट में वकालत करती नजर आई थीं। तब वह पश्चिम बंगाल की एक जिला अदालत में वकील के तौर पर पेश हुई थीं। मुकदमा उन्होंने जीत लिया था और 33 आरोपियों को जमानत दिलावई थीं। बता दें कि ममता ने कलकत्ता यूनिवर्सिटी के जोगेश चंद्र चौधरी लॉ कॉलेज से कानून की डिग्री हासिल की है और वह एक वकील के तौर पर क्वालिफाइड भी हैं। राजनीति में आने से पहले उन्होंने कुछ साल तक वकालत की प्रैक्टिस भी कर चुकी हैं। 

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