Delhi News: नई दिल्ली में 'स्पिरिचुअल एंड हेरिटेज टूरिज्म कॉन्क्लेव 2026' को सीएम रेखा गुप्ता ने संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने घोषणा कि दिल्ली सरकार राष्ट्रीय राजधानी को सिर्फ यात्रियों के लिए एक ट्रांज़िट पॉइंट (आने-जाने का ज़रिया) वाली पारंपरिक छवि से आगे ले जाकर, धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन के लिए एक प्रमुख जगह के तौर पर पेश करने के लिए प्रतिबद्ध है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने शहर को पूरे देश का एक "छोटा रूप" (माइक्रोकोस्म) बताया, जहां हर राज्य की परंपराएँ और संस्कृतियाँ मिलती हैं।
मुख्यमंत्री गुप्ता ने कहा कि मौजूदा दिल्ली सरकार शहर को देश और दुनिया के सामने पेश करना चाहती है। हमारा खास मकसद यहाँ धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना है। हम सभी जानते हैं कि लोग अक्सर दिल्ली को सिर्फ़ एक ट्रांज़िट पॉइंट मानते हैं। हालांकि, इस मंच के ज़रिए मैं पूरे देश के लोगों को बताना चाहती हूँ कि दिल्ली भारत की एक झलक है। एक ऐसा छोटा रूप जहां पूरे देश की आत्मा दिखाई देती है।"
मुख्यमंत्री ने दिल्ली के अनोखे सामाजिक ताने-बाने पर ज़ोर देते हुए कहा कि यह शहर भारत के हर कोने से आए लोगों का घर है और यहाँ सांप्रदायिक सद्भाव का माहौल है। उन्होंने आगे कहा, "यह हर राज्य के लोगों और परंपराओं का घर है। अलग-अलग इलाकों में मनाए जाने वाले त्योहार, चाहे वह गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, केरल, तमिलनाडु, जम्मू-कश्मीर या असम हो, सभी दिल्ली में मनाए जाते हैं। शायद ही कोई ऐसा राज्य हो जिसके लोग यहाँ न रहते हों। यही दिल्ली की खूबसूरती है, लोग मिल-जुलकर और प्यार से रहते हैं, एक-दूसरे के त्योहार मनाते हैं और एक-दूसरे के खान-पान का आनंद लेते हैं।
सीएम रेखा गुप्ता ने इस बात पर ज़ोर दिया कि सरकार की पर्यटन रणनीति में देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए शहर के ऐतिहासिक और आध्यात्मिक, दोनों पहलुओं को उजागर करना शामिल है। उन्होंने कहा, "हमारा मकसद है कि देश और दुनिया भर से लोग आएं और इस खूबसूरती का अनुभव करें, न सिर्फ हमारे ऐतिहासिक महत्व का, बल्कि दिल्ली के अनोखे आध्यात्मिक माहौल का भी।