Baghpat Murder Case: उत्तर प्रदेश के बागपत में 14 साल की किशोरी के अधजले शव मिलने के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक, किशोरी की हत्या उसके परिचित अमन सागर और उसकी पत्नी रचना ने कथित तौर पर मिलकर की थी। आरोपियों ने पहचान छिपाने के लिए शव को जलाने की कोशिश की और वारदात के बाद हाथरस जाकर छिप गए। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। 13 अगस्त 2026 को बागपत के NH-709B दिल्ली-सहारनपुर हाईवे के पास काठा गांव में कब्रिस्तान की दीवार के नजदीक एक किशोरी का अधजला शव मिला था। शव की हालत खराब होने के कारण उसकी पहचान करना मुश्किल था। घटनास्थल से भी पुलिस को शुरुआत में ऐसा कोई बड़ा सुराग नहीं मिला, जिससे सीधे आरोपियों तक पहुंचा जा सके।
2000 वाहनों और 600 CCTV की जांच
मामले को सुलझाने के लिए बागपत एसपी सूरज राय ने SWAT टीम को जांच में लगाया। पुलिस ने ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे, दिल्ली-देहरादून कॉरिडोर एक्सप्रेसवे और NH-709B के आसपास के CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। इस दौरान 2,000 से ज्यादा वाहनों की जांच और करीब 600 CCTV कैमरों की फुटेज देखी गई।
बिना नंबर की स्कूटी बनी अहम सुराग
जांच के दौरान पुलिस को बिना नंबर की सफेद स्कूटी दिखाई दी। CCTV में इस स्कूटी पर एक पुरुष, एक महिला और एक छोटी बच्ची नजर आए। पुलिस ने इसी सुराग के आधार पर जांच आगे बढ़ाई। छानबीन में पता चला कि संदिग्ध अमन सागर दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके में किराए के मकान में रहता था।
मकान मालिक से मिली अहम जानकारी
पुलिस के मुताबिक, अमन सागर अपनी पत्नी रचना, दो साल की बेटी और 14 वर्षीय परी के साथ वहां रहता था। मकान मालिक ने बताया कि अमन 13 अगस्त को ही मकान खाली करके चला गया था। दस्तावेजों की जांच में पता चला कि अमन मूल रूप से मथुरा का रहने वाला है। मथुरा में जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि 17 अप्रैल 2026 को 14 वर्षीय परी के अपहरण का मामला अमन के खिलाफ दर्ज हुआ था। इसके बाद पुलिस ने दोनों मामलों की कड़ियां जोड़नी शुरू कीं। पुलिस ने जांच के बाद अमन और उसकी पत्नी रचना को हाथरस से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का दावा है कि बागपत में मिला शव परी का ही था।
विवाद के बाद हत्या की साजिश का दावा
पुलिस के अनुसार, अमन और रचना मथुरा में कपड़ों की दुकान चलाते थे। परी उनके बच्चे की देखभाल में मदद करती थी। पुलिस का दावा है कि बाद में अमन और परी के बीच नजदीकियां बढ़ने के बाद पति-पत्नी के बीच विवाद होने लगा। इसी विवाद के चलते दोनों ने कथित तौर पर परी की हत्या की साजिश रची। पुलिस के मुताबिक, हत्या के बाद शव को बोरे में रखकर स्कूटी से बागपत लाया गया और पहचान छिपाने की कोशिश की गई। इसके बाद दोनों हाथरस चले गए।
क्राइम शो देखकर प्लानिंग का दावा
एसपी सूरज राय के अनुसार, अमन ने ‘क्राइम पेट्रोल’, ‘सावधान इंडिया’ और ‘CID’ जैसे टीवी क्राइम शो के कुछ एपिसोड देखे थे। पुलिस का दावा है कि इन्हीं कार्यक्रमों से प्रभावित होकर उसने पुलिस से बचने और पहचान छिपाने की योजना बनाई। हालांकि, पुलिस की जांच और CCTV फुटेज ने आरोपियों तक पहुंचने में अहम भूमिका निभाई।
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