Trump Call Out Army From Germany: क्या अमेरिका-जर्मनी के रिश्तों में खटास आ गई है? ये सवाल डोनाल्ड ट्रंप के एक फैसले के बाद खड़ा हो रहा है। डोनाल्ड ट्रंप ने जर्मनी से अपने 5000 सैनिकों को वापस बुलान का फरमान जारी कर दिया है। बताया जा रहा है कि आगे भी सेना को जर्मनी से वापस बुलाया जाएगा। ट्रंप के इस फैसले से नाटो और यूरोप सिक्योरिटी सिस्टम को लेकर बहस छिड़ गई है।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि हम जर्मनी में अमेरिकी सैनिकों की संख्या में बहुत ज्यादा कटौती करने जा रहे है और यह नंबर 5 हजार से भी ज्यादा होगा। हालांकि, ट्रंप के इस फैसले के पीछे को साफ वजह नहीं बताई है।
जर्मनी के रक्षा मंत्री ने क्या कहा
वहीं, जर्मनी के रक्षा मंत्री बोरिस पिस्टोरियस ने अमेरिका के इस फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह फैसला अप्रत्याशित नहीं है। उनका मानना है कि यूरोपिय देशों को अपनी सुरक्षा की जिम्मेदारी उठानी होगी लेकिन, साथ में इस बात पर भी जोर दिया कि यूरोप के देशों में अमेरिकी फौजियों की तैनाती दोनों देशों के हित में है।
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जर्मनी में अमेरिका के 36000 सैनिक
जानकारी के अनुसार, जर्मनी में अभी लगभग 36 हजार अमेरिकी सैनिक तैनात है और 5 हजार की वापसी करवाना कुल संख्या का लगभग सातवा भाग होगा। यह प्रक्रिया अगले 6 से 12 महीने में पूरा किए जाने की संभावना है। गौरतलब है कि साल 2022 में रूस और यूक्रेन पर हमले के बाद अमेरिका ने यूरोप ने अपने सैनिकों की तैनाती को बढ़ाया था। ऐसे में अब सैनिकों की संख्या घटना क्षेत्रीय संतुलन पर प्रभाव डाल सकता है।