Haryana Rooftop Solar Energy Systems: हरियाणा सरकार के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों और मुख्य प्रशासकों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। निर्देशों के अनुसार, संबंधित कर्मचारियों को 10 जुलाई 2026 तक रूफटॉप सोलर ऊर्जा प्रणाली से जुड़े अंडरटेकिंग फॉर्म को जमा करना होगा।
अगर समय रहते कर्मचारियों ने रूफटॉप सोलर ऊर्जा से जुड़े अंडरटेकिंग फॉर्म जमा नहीं किए तो उन्हें इस सुविधा का लाभ नहीं मिलेगा। इसलिए सभी विभागों को समयसीमा के अंदर अंडरटेकिंग फॉर्म जमा करने के निर्देश दिए गए हैं। दरअसल, केंद्र सरकार की पहल के तहत सरकारी आवासीय भवनों में रूफटॉप पर सोलर सिस्टम लगाना अनिवार्य है।
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अंडरटेकिंग फॉर्म में कर्मचारियों के लिए 3 ऑप्शन
बता दें, कर्मचारियों को रूफटॉप सोलर ऊर्जा प्रणाली से जुड़े अंडरटेकिंग फॉर्म में तीन विकल्प दिए गए हैं। उन्हें तीनों में से कोई एक विकल्प चुनना होगा।
पहला विकल्प: कर्मचारी सोलर प्लांट से बनने वाली बिजली का उपयोग करने और लागू यूजर चार्जेस का भुगतान करने की सहमति देता है।
दूसरा विकल्प: कर्मचारी सोलर प्लांट से बनने वाली बिजली का उपयोग करने की सहमति नहीं देता है।
तीसरा विकल्प: कर्मचारी तीसरा विकल्प चुनकर ये बताता है कि यह व्यवस्था उन पर लागू नहीं होती।
समय पर फॉर्म जमा नहीं करने पर क्या होगा?
इस संबंध में मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने साफ तौर पर कहा है कि अगर संबंधित अधिकारिय़ों को अंडरटेकिंग फॉर्म नहीं मिलते है तो सीधे तौर पर यह मान लिया जाएगा कि कर्मचारी ने इस सोलर सुविधा का उपयोग करने से असहमति जताई है।
लेकिन अगर आप फॉर्म जमा कर देते हैं तो आप सोलर सुविधा का उपयोग करने की सहमति देते है। जिसके बाद उन्हें उपयोगकर्ता शुल्क देना होगा। इसके अलावा सोलर प्लांट के रखरखाव के लिए और जांच के लिए आए कर्मचारियों को परिसर में प्रवेश की अनुमति देनी होगी।