Haryana News: अक्सर कहा जाता है कि बच्चे बड़ों से प्रेरणा लेते हैं, लेकिन कभी-कभी बच्चे ही पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन जाते हैं। हरियाणा के पानीपत के दो स्कूली भाइयों—नैतिक और ओजस—ने अपनी सोच, मेहनत और संकल्प से यह साबित कर दिया है कि बदलाव की शुरुआत उम्र नहीं, बल्कि मजबूत इरादे करते हैं।
दिल्ली और आसपास के बढ़ते प्रदूषण को देखकर दोनों भाइयों ने मन में ठान लिया कि उनका शहर पानीपत इस समस्या का शिकार नहीं बनेगा। इसी सोच के साथ उन्होंने करीब छह महीने पहले "ग्रीन पानीपत, क्लीन पानीपत" मिशन की शुरुआत की। आज यह अभियान पूरे शहर में चर्चा का विषय बन चुका है।
सरकारी सहायता या किसी बड़े संगठन के सहयोग के बिना दोनों भाई अपनी पॉकेट मनी से पौधे खरीदकर शहर के विभिन्न क्षेत्रों में पौधारोपण कर रहे हैं। अब तक वे लगभग 6,500 पौधे लगा चुके हैं और इस अभियान पर अपनी जेब से करीब दो लाख रुपये खर्च कर चुके हैं।
दोनों भाई ऐसे पौधों का चयन करते हैं जो अधिक ऑक्सीजन दें और पर्यावरण के लिए लाभकारी हों। इनमें मुख्य रूप से नीम, फाइकस सहित अन्य छायादार पौधे शामिल हैं। सबसे खास बात यह है कि पौधे लगाने के बाद उनकी जिम्मेदारी भी खुद निभाते हैं। स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद और सप्ताहांत पर वे 20-20 लीटर के पानी के कैन लेकर पौधों को नियमित रूप से पानी देने पहुंचते हैं। इनकी सकारात्मक सोच से प्रभावित होकर अब 5 से 6 अन्य स्कूली छात्र भी इस मिशन का हिस्सा बन चुके हैं। सोशल मीडिया के माध्यम से भी उनका अभियान लगातार लोगों को पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित कर रहा है।
दोनों भाई अब तक हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल से मिलकर उन्हें पौधा भेंट कर चुके हैं। दोनों नेताओं ने उनके प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें 10 लाख पौधे लगाने के लक्ष्य की दिशा में लगातार आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। हाल ही में वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी पौधा भेंट करने जींद पहुंचे थे, लेकिन कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के कारण उनसे मुलाकात नहीं हो सकी।
सेंट मैरी कॉन्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल में अध्ययनरत दोनों भाई स्कूल के बाद प्रतिदिन अपने मिशन को समय देते हैं। उन्होंने शहर के डिवाइडरों, पार्कों, सेक्टरों और खेतों की बाउंड्री सहित अनेक स्थानों पर पौधारोपण किया है।
ओजस का कहना है कि उनका उद्देश्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ हवा और हरियाली देना है। वहीं नैतिक का कहना है कि यदि समाज और प्रशासन का सहयोग मिले तो उनका 10 लाख पौधे लगाने का सपना निश्चित रूप से साकार हो सकता है।
दोनों भाइयों ने शहरवासियों से अपील की है कि वे केवल पौधे लगाने तक सीमित न रहें, बल्कि उनकी देखभाल भी करें, गंदगी फैलाने से बचें और पर्यावरण संरक्षण की इस मुहिम में सहभागी बनें। उनका मानना है कि यदि हर नागरिक एक पौधे की जिम्मेदारी ले ले, तो पानीपत को प्रदूषण मुक्त और हराभरा शहर बनने से कोई नहीं रोक सकता।
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में उल्लेखनीय कार्य कर रहे सेंट मैरी कॉन्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल के दो छात्र नैतिक चोपड़ा और ओजस चोपड़ा को विद्यालय प्रबंधन ने सम्मानित किया। स्कूल के फादर मैनेजर कार्तिक एबल और प्रिंसिपल सिस्टर दीपा सेबेस्टियन ने दोनों विद्यार्थियों को उनके सराहनीय प्रयासों के लिए पौधे भेंट कर सम्मानित किया तथा उनके अभियान की प्रशंसा की।
इस अवसर पर मीडिया से बातचीत करते हुए फादर मैनेजर कार्तिक एबल ने बताया कि नैतिक चोपड़ा कक्षा 11वीं तथा उनके छोटे भाई ओजस चोपड़ा कक्षा 8वीं के छात्र हैं। दोनों भाई 'ग्रीन पानीपत, क्लीन पानीपत' अभियान के माध्यम से शहर को हराभरा और स्वच्छ बनाने के मिशन पर कार्य कर रहे हैं। उनका लक्ष्य पानीपत में करीब 10 लाख पौधे लगाने का है।
उन्होंने कहा कि दोनों छात्रों का समर्पण और उत्साह बेहद प्रेरणादायक है। विद्यालय को गर्व है कि उसके विद्यार्थी समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझते हुए पर्यावरण संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण कार्य में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। अब तक दोनों भाई शहर के पार्कों, डिवाइडरों और खाली पड़ी सरकारी भूमि सहित विभिन्न स्थानों पर 6,500 से अधिक पौधे लगा चुके हैं। इसके साथ ही वे सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को भी पौधारोपण और पर्यावरण संरक्षण के लिए जागरूक कर रहे हैं।
वहीं, पूर्व पार्षद आशु नंदा ने दोनों विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह अभियान पूरे पानीपत के लिए प्रेरणा है। उन्होंने बताया कि दोनों बच्चे अपनी पॉकेट मनी और परिवार के सहयोग से पौधे खरीदकर विभिन्न स्थानों पर पौधारोपण कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब तक बच्चों ने किसी सरकारी सहायता पर निर्भर हुए बिना अपने संसाधनों से यह अभियान चलाया है।
आशु नंदा ने शहरवासियों से अपील की कि वे इस मुहिम से जुड़कर बच्चों का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल और सिंचाई भी उतनी ही जरूरी है। नैतिक और ओजस न केवल पौधे लगा रहे हैं, बल्कि उनके संरक्षण और आसपास की सफाई का भी विशेष ध्यान रख रहे हैं।
उन्होंने प्रशासन से भी अपील की कि ऐसे समाजसेवी और जागरूक बच्चों को हरसंभव सहयोग दिया जाए, ताकि उनकी यह पर्यावरण संरक्षण की मुहिम और अधिक व्यापक रूप ले सके तथा पानीपत को वास्तव में ग्रीन और क्लीन शहर बनाया जा सके।