Haryana News: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह ने पेपरलेस रजिस्ट्रेशन 2.0 का औपचारिक शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि विभाग ने कठिन परिश्रम करके लोगों को एक सुगम और पारदर्शी व्यवस्था प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछली वर्ष बाबैन गांव से पेपरलेस रजिस्ट्री की शुरुआत की गई थी और अब इसमें और सुधार करते हुए रजिस्ट्री प्रक्रिया के साथ इंतकाल को भी जोड़ दिया गया है। उन्होंने कहा कि डिजिटलिकरण का उद्देश्य आम नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी से बचाना है।
सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि देश में किसी भी नागरिक को सरकारी कामों में असुविधा न हो। इसी दिशा में सरकार निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि पूरी प्रक्रिया में अब बायोमेट्रिक और डिजिटल सिग्नेचर की व्यवस्था की गई है, जिससे पारदर्शिता और सुरक्षा दोनों सुनिश्चित होंगी। साथ ही नागरिक ऑनलाइन स्टेटस भी चेक कर सकेंगे और अतिरिक्त दस्तावेज अपलोड करने की सुविधा भी दी गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रजिस्ट्री की तत्काल अपॉइंटमेंट सुविधा भी शुरू की गई है और अतिरिक्त ई-स्टेप्स जोड़कर प्रक्रिया को और सरल बनाया गया है। सभी विभागीय सत्यापन अब ऑनलाइन होंगे, जिससे समय की बचत होगी और गड़बड़ी की संभावना कम होगी। उन्होंने बताया कि ऑटो म्यूटेशन प्रणाली की शुरुआत की गई है, जिससे किसानों और भू-स्वामियों को बड़ी राहत मिलेगी। पहले जहां इंतकाल प्रक्रिया में लंबा समय लगता था, अब यह काम काफी तेज और पारदर्शी होगा।
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सीएम ने कहा कि इस ऑटो म्यूटेशन को एक महीने के पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर लागू किया गया है और फीडबैक के आधार पर इसमें लगातार सुधार किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि कई मामलों में अब खेवट विभाजन की आवश्यकता भी नहीं होगी और पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन ही पूरी की जाएगी। केंद्र और राज्य की डबल इंजन सरकार पारदर्शिता और सुशासन के साथ जनता के हित में लगातार काम कर रही है।