Bihar News: अक्सर कहा जाता है कि राजनीति में सब जायज है। राजनीति में कसमें और वादें फिल्मी डॉयलाग की तरह होते हैं। बयानबाजी का दौर तो चलता ही रहता है और सरकार को सत्ता से हटाने का दावा विपक्ष करता ही है।
एक जमाने में सम्राट चौधरी ने नीतीश कुमार को सत्ता से बेदखल करने की कसम खाई थी। उन्होंने यह कहते हुए पगड़ी धारण किया था कि जब तक नीतीश कुमार को सत्ता से बेदखल नहीं करेंगे, सिर से पगड़ी नहीं उतारेंगे। लेकिन समय का पहिया ऐसा घुमा की सत्ता से उखाड़ फेंकना को दूर, खुद सम्राट चौधरी नीतीश कुमार की सरकार में डिप्टी सीएम बनाए गए और पगड़ी भी उतार दी।
अब ऐसा भी वक्त आया है, जब नीतीश कुमार की जगह उन्हें बिहार सरकार का मुखिया बनाया जा रहा है। अब सम्राट चौधरी बिहार सरकार में मुख्यमंत्री होंगे और नीतीश कुमार के मार्गदर्शन में काम करेंगे। आखिरकार सम्राट चौधरी बिहार की सियासत में शू्न्य से शिखर तक का सफर कैसे तय किया चलिए जानते हैं पूरी राजनीतिक यात्रा
राजद से शुरू हुई सियासी पारी
सम्राट चौधरी का राजनीतिक सफर 1990 के दशक में उनके पिता शकुनी चौधरी की विरासत के साथ शुरू हुआ। वह 1990 में राजद में शामिल हुए। कुछ दिनों बाद ही उनकी गिनती लालू और राबड़ी के करीबियों में होने लगी। 19 मई 1999 को राबड़ी देवी सरकार में उन्हें कृषि, उद्यान और भार-माप विभाग का मंत्री बना दिया गया। हालांकि, उम्र संबंधि विवाद होने के कारण उनको मंत्रिमंडल से बर्खास्त कर दिया गया। फिर भी 2000 और 2010 में परबत्ता सीट से MLA बनकर वापसी की।
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भाजपा ने दिए मौके-ही-मौके
राजद से राजनीतिक का दांव-पेंच सिखने के बाद सम्राट चौधरी ने पाला बदलते हुए 2014 में जदयू में शामिल हो गए। साथ ही राजद के 13 विधायकों को तोड़कर जदयू में शामिल कराया। सम्राट ज्यादा दिन तक जदयू में भी नहीं रहे और ठिक चार साल बाद यानी 2018 में उन्होंने बीजेपी का दामन थामा। यहां से वह लगातार नऊ ऊचाइयां छूते गए। साल 2023 में उन्हें बिहार भाजपा अध्यक्ष बनाया गया। फिर 2024 में जब नीतीश कुमार ने एनडीए में वापसी की तो उनको बिहार सरकार में उपमुख्यमंत्री बनाया गया। 2025 विधानसभा चुनाव के बाद फिर डिप्टी CM बने।
अब बनेंगे बिहार का मुख्यमंत्री
बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने सम्राट के चेहरे को आगे रखा और जब फिर से नीतीश कुमार की अगुवाई में एनडीए की सरकार बनी तो, सम्राट चौधरी को डिप्टी सीएम के साथ गृह मंत्री बनाया गया। इसी के साथ सरकार में उनका कद भी बढ़ा। अब जब नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने का ऐलान किया, तब ये लगभग तय माना जा रहा था कि सम्राट चौधरी को ही बिहार का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा। 14 अप्रैल को भाजपा विधायक दल की बैठक में उनको नेता चुना गया और ये भी तय हो गया कि वह बिहार के अगले मुख्यमंत्री होंगे। अब बताया जा रहा है कि सम्राट चौधरी 15 अप्रैल को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।