Lord's Test IND W Vs ENG W: क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले इंग्लैंड के लॉर्ड्स मैदान पर भारतीय महिला टीम और इंग्लैंड महिला टीम के बीच एकमात्र टेस्ट मैच खेल जा रहा है। इस मुकाबले में भारत की यास्तिका भाटिया ने इतिहास रच दिया। लॉर्डस में टेस्ट शतक लगाने वाली यास्तिका पहली महिला क्रिकेटर बन चुकी है। उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ़ शानदार 113 रन बनाए और प्रतिष्ठित 'ऑनर्स बोर्ड' पर अपना नाम दर्ज कराया, साथ ही 'होम ऑफ़ क्रिकेट' में भारतीय क्रिकेट के शानदार इतिहास में एक और गौरवशाली अध्याय जोड़ा।
बाएं हाथ की इस बल्लेबाज़ की यह यादगार पारी एकमात्र टेस्ट मैच की दूसरी पारी में आई। इसके साथ ही वह लॉर्ड्स में महिलाओं का टेस्ट क्रिकेट शुरू होने के बाद से वहां शतक लगाने वाली पहली महिला बन गई। इस उपलब्धि के साथ भाटिया 13 भारतीय बल्लेबाज़ों की उस खास सूची में शामिल हो गईं, जिन्होंने लॉर्ड्स में टेस्ट शतक लगाए हैं। इस सूची में वीनू मांकड़, दिलीप वेंगसरकर, मोहम्मद अज़हरुद्दीन, सौरव गांगुली, राहुल द्रविड़, केएल राहुल और अजिंक्य रहाणे जैसे खिलाड़ी शामिल हैं।
एकमात्र टेस्ट मैच के तीसरे दिन 39 रन (नाबाद) पर अपनी पारी को आगे बढ़ाते हुए भाटिया ने बहुत ही संयम और सहजता के साथ बल्लेबाज़ी की। उन्होंने 'एक्स्ट्रा कवर' की दिशा में एक शानदार 'ड्राइव' लगाकर 145 गेंदों में अपना पहला टेस्ट शतक पूरा किया और हवा में मुक्का लहराकर अपनी खुशी ज़ाहिर की। उनकी 113 रनों की पारी में 14 बाउंड्री शामिल थीं। इंग्लैंड की स्पिनर सोफी एक्लेस्टोन की गेंद पर हवा में शॉट खेलने की कोशिश में वह एक्स्ट्रा कवर पर कैच आउट हो गईं। जब वह वापस लौट रही थीं, तो दर्शकों और मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (MCC) के सदस्यों ने खड़े होकर उनका सम्मान किया, जबकि इंग्लैंड की कई खिलाड़ियों ने भी उनकी इस ऐतिहासिक पारी के लिए तालियां बजाईं।
घुटने की सर्जरी के बाद की वापसी
घुटने की सर्जरी के बाद इस साल की शुरुआत में इंटरनेशनल क्रिकेट में वापसी करने वाली भाटिया के लिए यह शानदार वापसी वाला दौरा रहा, जिसमें उन्होंने शतक भी जड़ा। उन्होंने इंग्लैंड दौरे की शुरुआत पहले T20I में अर्धशतक के साथ की थी और दौरे का समापन अपने टेस्ट करियर की सबसे बड़ी पारी खेलकर किया। भारत की दूसरी पारी का मजबूत स्कोर स्मृति मंधाना (70) और ऋचा घोष के अहम योगदान से बना। ऋचा की नाबाद 50 रनों की पारी की मदद से भारतीय टीम ने 341/7 पर पारी घोषित की और इंग्लैंड के सामने जीत के लिए 457 रनों का मुश्किल लक्ष्य रखा।
क्रांति गौड़ ने लिए 5 विकेट
इससे पहले मैच में भारतीय तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने इंग्लैंड की पहली पारी में 5/37 के शानदार आंकड़े दर्ज करते हुए लॉर्ड्स टेस्ट सम्मान बोर्ड में अपना नाम दर्ज कराने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनने का गौरव हासिल किया। इंग्लैंड की स्पिनर सोफी एक्लेस्टोन ने भी भारत की दूसरी पारी में 5/118 के आंकड़े दर्ज कराते हुए सम्मान बोर्ड में अपना नाम दर्ज कराया और लॉर्ड्स में टेस्ट मैच में पांच विकेट लेने वाली पहली इंग्लैंड की महिला खिलाड़ी बन गईं। उन्होंने 55.2 ओवर गेंदबाजी करते हुए मैच में आठ विकेट लिए।
तीसरे दिन लड़खड़ाई इंग्लैंड
आपको बता दें कि तीसरे दिन का खेल समाप्त होने तक, इंग्लैंड 130/6 के स्कोर पर लड़खड़ा रहा था और उसे केवल चार विकेट शेष रहते 327 रनों की आवश्यकता थी, जिससे भारत एक ऐतिहासिक जीत के कगार पर था।