Delhi News: देश में पेट्रोल और डीजल के दामों को देखते हुए AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सरकार ने बड़ी मांगी की। उन्होंने कहा कि अगर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कमी आजाए तो महंगाई पर भारी चोट पड़ेगी। 2014 से लेकर आज तक अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें घटी हैं तो अब ये लोग क्या कर रहे हैं?। बताया जा रहा है कि पिछले साल ही 77 हजार करोड़ रुपए का तेल कंपनियों को फायदा हुआ है। हम लोगों को 102 रुपए प्रति लीटर पेट्रोल दिया जा रहा है जो कि बहुत ज्यादा है। देश की जनता की ओर से मेरी सरकार से मांग है कि पेट्रोल को तुरंत 82 रुपए प्रति लीटर देना चालू करना चाहिए।
अरविंद केजरीवाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सरकार ने कहा कि सरकार यह कह सकती है कि जब युद्ध चल रहा था तो तेल की कंपनियों को घाटा हुआ, जिसकी भरपाई अब प्रॉफिट करके की जा रही है। उनका यह तर्क बिल्कुल गलत है, 2014 से अब तक छह बार कच्चे तेल की कीमत बहुत कम हुई है, लेकिन सरकार ने इसके बावजूद कीमतें कम नहीं कीं और कीं बंपर प्रॉफिट कमाई। उन्होंने कहा कि सवाल किया गया कि प्रॉफिट का पैसा क्या हुआ। जब तीन चार महीने युद्ध में थोड़ा घाटा हुआ तो उससे भरपाई नहीं की जा सकती थी? उन्होंने कहा कि पिछले साल ही बताया जा रहा है कि तेल कंपनियों को 77 हजार करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ। अभी जो लोगों से 102 रुपये लिए जा रहे हैं वह बहुत ज्यादा है। इसलिए मेरी सरकार से मांग है कि तुरंत कीमतों को कम किया जाए और 82 रुपये प्रति लीटर पेट्रोल दिया जाए।
केजरीवाल ने कहा कि पिछले साल तेल कंपनियों को करीब 77 हजार करोड़ का फायदा हुआ। 2024-25 में 33 हजार करोड़ का प्रॉफिट और 2023-24 में 80 हजार करोड़ का प्रॉफिट, इन तीनों को मिला लें तो करीब 2 लाख करोड़ का प्रॉफिट।