Sirsa Murder: हरियाणा के सिरसा में एक युवक की तेजधार हथियार से हमला कर हत्या करने का मामला सामने आया है। मृतक युवक की पहचान कुलवीर सिंह उर्फ़ निक्का सिंह के रूप में हुई है। निक्का सिंह पूर्व सरपंच पोला सिंह का पोता है। बताया जाता है कि पोला सिंह का कुछ लोगों के साथ विवाद चल रहा था और अभी फिलहाल निक्का सिंह जेल से जमानत पर बाहर आया हुआ था।
सिरसा के गांव रोड़ी में कांग्रेस नेता के पोते का तेजधार हथियारों से वार कर हत्या कर दी गई। उसके भाई और भतीजे भी हमला किया गया। हमलावरों ने तीनों को बस स्टैंड के पास घेरा और लाठी डंडों धारदार हथियारों से उन पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। तीनों ने बचने की कोशिश भी की लेकिन हमलावरों ने पीछा कर लगातार वार किए। तीनों के गंभीर घायल होने पर हमलावर फरार हो गए। इसके बाद आसपास के लोगों ने तीनों घायलों को उठाकर सिविल अस्पताल में भर्ती कराया जहां कांग्रेस नेता के पौते निक्का सिंह की मौत हो गई। मृतक की उम्र 42 वर्षीय बताई गई है।
पुलिस के मुताबिक निक्का सिंह के दादा पोहला सिंह गिल कांग्रेस नेता हैं। वे झोरड़ रोही गांव के सरपंच भी रह चुके हैं और वर्तमान में ब्लॉक समिति मेंबर हैं। इन्होंने जिला परिषद का चुनाव लड़ा था लेकिन उसमें हार गए थे। शुरुआती जांच में सामने आय है कि निक्का करीब आठ साल पहले हुई हत्या के मामले में जेल गया था। फिलहाल वह जमानत पर बाहर आया हुआ था। हत्या के इस मामले में पोहला सिंह भी नामजद हैं। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
मृतक के दादा कांग्रेस नेता
पुलिस के अनुसार, निक्का सिंह के दादा पोहला सिंह कांग्रेस के सक्रिय नेता रहे हैं जिनका पहले से गांव में विवाद चल रहा है। कुछ साल पहले गांव के ही गंगा सिंह के साथ झगड़ा हो गया था। इसमें गंगा सिंह की मौत हो गई थी। इस मामले में पोहला सिंह और निक्का सहित पांच लोगों को नामजद कराया गया था।
सूत्रों की माने तो गंगा सिंह के मर्डर के पीछे शराब के ठेके का विवाद था। कांग्रेस नेता पोहला सिंह का पहले शराब ठेका चलाते थे। गंगा सिंह का भी शराब ठेका था। शराब ठेके को लेकर ही दोनों पक्षों में विवाद हुआ था। पिछले कुछ सालों से दोनों पक्षों में शांति चल रही थी।