Mahindra Lifespace Developer: मुंबई के रियल एस्टेट सेक्टर में एक बड़ा निवेश सामने आया है। महिंद्रा समूह की रियल एस्टेट कंपनी Mahindra Lifespace Developers ने मुंबई के कांदिवली ईस्ट में 15 एकड़ जमीन खरीदी है। कंपनी इस जमीन पर एक बड़े आवासीय और मिश्रित विकास परियोजना की योजना बना रही है, जिसकी अनुमानित ग्रॉस डेवलपमेंट वैल्यू (GDV) करीब 5,600 करोड़ रुपये बताई गई है। कंपनी के अनुसार, इस नई परियोजना में लगभग 18 लाख वर्ग फुट क्षेत्र में निर्माण किया जाएगा। यह जमीन ग्रीनफील्ड लैंड पार्सल है, यानी यहां पहले कोई बड़ा निर्माण या औद्योगिक गतिविधि नहीं हुई है। अब इस क्षेत्र को आधुनिक आवासीय और व्यावसायिक सुविधाओं के साथ विकसित किया जाएगा।
कनेक्टिविटी और बेहतर होने की उम्मीद
कांदिवली ईस्ट की यह लोकेशन वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे से अच्छी तरह जुड़ी हुई है। इसके आसपास स्कूल, अस्पताल, शॉपिंग सेंटर और अन्य जरूरी सुविधाएं पहले से मौजूद हैं। इसके अलावा प्रस्तावित बोरीवली-ठाणे ट्विन टनल परियोजना से इस इलाके की कनेक्टिविटी और बेहतर होने की उम्मीद है। इससे मुंबई के पश्चिमी उपनगरों और ठाणे के बीच यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। महिंद्रा लाइफस्पेस के रेजिडेंशियल बिजनेस प्रमुख विमलेंद्र सिंह ने कहा कि यह अधिग्रहण कांदिवली क्षेत्र में कंपनी की मौजूदगी को और मजबूत करेगा। इससे पहले कंपनी का महिंद्रा विस्टा प्रोजेक्ट भी इस इलाके में अच्छा प्रदर्शन कर चुका है।
कई शहरों को होगा फायदा
कंपनी ने वित्त वर्ष 2030 तक अपने कारोबार को पांच गुना बढ़ाकर 10,000 करोड़ रुपये की बिक्री का लक्ष्य रखा है। इसी रणनीति के तहत मुंबई, पुणे और बेंगलुरु जैसे प्रमुख बाजारों में लगातार निवेश किया जा रहा है। महिंद्रा लाइफस्पेस के पास मुंबई क्षेत्र में पहले से कई बड़े प्रोजेक्ट मौजूद हैं। ठाणे में 33 एकड़ का प्रोजेक्ट करीब 7,500 करोड़ रुपये की GDV के साथ सबसे बड़ा है। इसके अलावा चेंबूर, मुलुंड, लोखंडवाला, माटुंगा और नेवी क्षेत्र में भी कई परियोजनाएं पाइपलाइन में हैं।
रोजगार के बढ़ेंगे अवसर
कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 में करीब 18,000 करोड़ रुपये मूल्य के नए प्रोजेक्ट अपने पोर्टफोलियो में जोड़े हैं। चौथी तिमाही में कंपनी ने 1,633 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड रेजिडेंशियल प्री-सेल दर्ज की, जबकि पूरे वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 3,405 करोड़ रुपये रहा। विशेषज्ञों का मानना है कि कांदिवली में यह नया प्रोजेक्ट मुंबई के रियल एस्टेट बाजार को नई गति देगा। साथ ही इससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और इलाके के बुनियादी ढांचे के विकास को भी मजबूती मिलेगी।
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