Satya Niketan Building Collapse: दिल्ली में सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने से मरने वालों की संख्या बढ़कर छह हो गई है। बचाव और खोज अभियान जारी है और टीमें मलबे को हटाने और फंसे हुए लोगों की तलाश में जुटी हैं। जानकारी के अनुसार, देर रात चलाए गए बचाव अभियान में एक और शव बरामद किया गया है, जिससे मृतकों की संख्या बढ़कर छह हो गई है।
राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF), अग्निशमन सेवा, दिल्ली पुलिस और अन्य एजेंसियों की टीमें मलबे को हटाने के लिए घटनास्थल पर काम कर रही हैं। इस घटना ने राष्ट्रीय राजधानी के घनी आबादी वाले इलाकों में पेइंग गेस्ट आवास के रूप में इस्तेमाल होने वाली इमारतों की सुरक्षा और निर्माण एवं अग्नि सुरक्षा मानकों के अनुपालन पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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सत्ता पक्ष पर उठाए जा रहे सवाल
इस बीच, कांग्रेस नेता और एआईसीसी उत्तराखंड प्रभारी कुमारी सेल्जा ने भाजपा सरकार से ऐसे आवासों में रहने वाले छात्रों की सुरक्षा पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि छात्रों को अपना भविष्य बनाने की उम्मीद में दिल्ली भेजा जाता है और उनकी सुरक्षा के लिए कौन जिम्मेदार होगा? कांग्रेस नेता दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने भी रविवार को सत्य निकेतन पीजी भवन ढहने के बाद जवाबदेही के अभाव पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि पिछले तीन-चार वर्षों से इसी तरह की "दिल दहला देने वाली दुर्घटनाएं" लगातार हो रही हैं, लेकिन सवाल यह है कि अंततः इसके लिए कौन जिम्मेदार होगा।
तो वहीं, दिल्ली के पूर्व मुख्य सचिव ओमेश सैगल ने कहा कि इस घटना को एक अलग-थलग मामला नहीं माना जाना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि इसी तरह की घटनाएं हर कुछ महीनों में होती हैं और दिल्ली के कुछ हिस्सों में अनधिकृत निर्माण पर चिंता जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ इमारतों के या तो अप्रमाणित ब्लूप्रिंट हैं, बाद में अतिरिक्त मंजिलें जोड़ी गई हैं या निर्माण घटिया स्तर का है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या भवन योजनाओं को मंजूरी देने वाले अधिकारियों ने उनकी सुरक्षा की पर्याप्त जांच की है।
इसके अलावा दिल्ली भारतीय जनता युवा मोर्चा के अध्यक्ष रजत चौधरी ने कहा कि स्थिति गंभीर बनी हुई है और उन्होंने त्वरित बचाव प्रयासों की अपील की। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में एम्बुलेंस और डॉक्टर मौजूद हैं और उन्होंने दिल्ली और केंद्र सरकार दोनों से फंसे हुए लोगों को जल्द से जल्द बचाने का आग्रह किया। उन्होंने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे इस त्रासदी का राजनीतिकरण न करें और इसके बजाय प्रभावित परिवारों और बचाव अभियान में लगे लोगों को सहयोग दें।
दिल्ली आम आदमी पार्टी (AAP) के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने एमसीडी आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर ABVP पर सवाल उठाते हुए कहा कि छात्र संगठन को इसके बजाय दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के इस्तीफे की मांग करनी चाहिए। ABVP ने सत्य निकेतन इमारत गिरने की घटना की उच्च स्तरीय, निष्पक्ष जांच की मांग की ताकि लापरवाह पीजी संचालकों और जिम्मेदार अधिकारियों को जवाबदेह ठहराया जा सके।