Anti Paper Leak Introduce In LS:संसद के मानसून सत्र के दूसरे हफ्ते की शुरुआत होगी। देश में पेपर लीक रोकने के लिए सरकार ने संसद में एंटी पेपर लीक बिल पेश किया। सरकार की तरफ से जितेंद्र सिंह ने लोकसभा में बिल पेश किया। इस बिल के जरिए सरकार ने पेपर लीक को रोकने के लिए शिकंजा कस दिया है।
नए बिल में 10 साल की जेल और 10 करोड़ रुपए की जुर्माना का प्रावधान किया गया है। साथ ही अगर सर्विस प्रोवाइडर कंपनी दोषी हुई तो 8 साल के लिए ब्लैकलिस्ट हो जाएगी। इसके अलावा कंपनी के डायरेक्टर, मैनेजर दोषी पाए गए तो 10 साल जेल और 10 करोड़ के जुर्माने का प्रावधान है। वहीं, कोचिंग संस्थान पेपर लीक में संलिप्त पाए गए तो संपत्ति जब्त की जाएगी।
पेपर लीक के खिलाफ सरकार सख्त
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार यानी 26 जुलाई को हाई पावर टास्क फोर्स के गठन करने का ऐलान किया था। हाई पावर टास्क फोर्स में 6 सदस्य होंगे। वहीं, टास्क फोर्स की अगुवाई नंदन नीलेकणी करेंगे। इस कमेटी का गठन करते हुए पीएम मोदी ने कहा था कि पेपर लीक के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा था कि फास्ट ट्रैक कोर्ट का गठन कर दिया गया है। परीक्षा प्रणाली को परदर्शी और बेहतर बनाया जाएगा।
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इंडिया ब्लॉक की बैठक
एक तरफ मोदी सरकार ने लोकसभा में एंटी पेपर लीक बिल पेश किया गया है। वहीं, दूसरी तरफ विपक्ष का हंगामा जारी है। नए बिल पर विपक्ष ने अभी तक अपना रुख साफ नहीं किया है। बताया जा रहा है कि संसद भवन में आज सुबह मल्किकार्जुन खरगे की अगुवाई में बैठक होगी। इस बैठक में संसद में विपक्ष एंटी-पेपर लीक कानून में संशोधन से जुड़े बिल को लेकर रणनीति बनाएगा। इस बैठक में तय होगा कि इस बिल में विपक्ष का क्या रुख होगा।