
HDFC Rule Change: निजी क्षेत्र के बड़े बैंक HDFC Bank ने ग्राहकों के लिए अहम घोषणा की है। बैंक ने बताया है कि 1 अप्रैल 2026 से एटीएम और सीआरएम मशीन पर UPI के जरिए किया गया कैश विड्रॉल अब मासिक फ्री एटीएम ट्रांजैक्शन लिमिट में गिना जाएगा। यानि अब अगर ग्राहक UPI से एटीएम पर पैसे निकालते हैं, तो यह उनकी तय मुफ्त ट्रांजैक्शन सीमा का हिस्सा माना जाएगा।
फ्री लिमिट पूरी होने के बाद ग्राहकों से प्रति ट्रांजैक्शन 23 रुपये प्लस टैक्स शुल्क लिया जाएगा। बैंक ने ग्राहकों को सलाह दी है कि वे एटीएम शुल्क से जुड़ी पूरी जानकारी के लिए अपनी-अपनी प्रोडक्ट कैटेगरी बैंक की वेबसाइट पर जाकर देखें।
कार्डलेस कैश निकासी होगा आसान
UPI की सुविधा ने अब कार्डलेस कैश निकासी को आसान बना दिया है। ग्राहक बिना डेबिट कार्ड के एटीएम से पैसे निकाल सकते हैं। इसके लिए एटीएम स्क्रीन पर दिख रहे क्यूआर कोड को स्कैन करना होता है और अपने UPI ऐप के जरिए ट्रांजैक्शन को अधिकृत करना होता है। इससे सुविधा और सुरक्षा दोनों बढ़ी हैं। HDFC बैंक के एटीएम और सीआरएम पर ग्राहक PayZapp, BHIM, PhonePe, Paytm और Google Pay जैसे UPI ऐप का इस्तेमाल कर सकते हैं।
क्या है इस फैसले का उद्देश्य?
बैंक के अनुसार, ग्राहक न केवल HDFC बैंक के एटीएम/सीआरएम से बल्कि अन्य बैंकों के उन एटीएम से भी कार्डलेस कैश निकाल सकते हैं, जो UPI कैश विड्रॉल सुविधा को सपोर्ट करते हैं। इस फैसले का मकसद डिजिटल बैंकिंग को बढ़ावा देना और ग्राहकों को ज्यादा सुविधाजनक विकल्प देना है। हालांकि, ग्राहकों को अब अपनी मुफ्त ट्रांजैक्शन सीमा का ध्यान रखना होगा, क्योंकि UPI से की गई नकद निकासी भी उसी में जोड़ी जाएगी। बैंकिंग क्षेत्र में बढ़ती डिजिटल सेवाओं के बीच HDFC बैंक का यह कदम ग्राहकों के लिए सुविधा और पारदर्शिता दोनों लेकर आया है।
Leave a comment