अहमदाबाद प्लेन क्रैश के बाद पहला अंतिम संस्कार, DNA जांच कर परिवार को सौंपा गया शव

अहमदाबाद प्लेन क्रैश के बाद पहला अंतिम संस्कार, DNA जांच कर परिवार को सौंपा गया शव

Ahmedabad To London Plane Crash: गुरुवार 12जून को गुजरात के अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया का विमान हादसे में 265लोगों की मौत हो गई। इस त्रासदी के बाद शवों की पहचान के लिए DNA जांच की प्रक्रिया शुरू की गई। जिसके बाद 14जून को पहला शव परिजनों को सौंपा गया।

विमान हादसे के बाद पहला शव सौंपा

जानकारी के अनुसार, गुजरात के खेड़ा जिले के डाकोर की रहने वाली पूर्णिमाबेन पटेल अपने बेटे से मिलने लंदन जा रही थीं। लेकिन इस हादसे की शिकार हो गई। DNA जांच के बाद उनकी पहचान की गई। जिसके बाद 14जून की शाम को उनका शव उनके परिवार को सौंप दिया गया। शव के डाकोर पहुंचते ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिवार ने हिम्मत जुटाते हुए पूरे रीति-रिवाजों के साथ उनका पूर्णिमाबेन पटेल का अंतिम संस्कार किया। इस दौरान हर किसी की आंखें नम थी।

कई शव बुरी तरह जल गए

खेड़ा जिले के कलेक्टर अमित प्रकाश यादव ने बताया कि गुजरात सरकार ने पूर्णिमाबेन पटेल के अंतिम संस्कार की व्यवस्था में पूरा सहयोग किया। उन्होंने बताया कि हादसे की भयावहता ऐसी थी कि अधिकांश शव बुरी तरह क्षतिग्रस्त या जल चुके थे। जिसके कारण उनकी पहचान करना बहुत मुश्किल हो रहा है। अहमदाबाद सिविल अस्पताल में DNA जांच की प्रक्रिया शुरू की गई। जिसमें गुजरात फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) और नेशनल फोरेंसिक साइंसेज यूनिवर्सिटी (NFSU) की टीमें शामिल हैं।

कहां-कैसे हुआ ये हादसा?

एयर इंडिया का बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर (AI-171) ने अहमदाबाद से लंदन के गैटविक हवाई अड्डे के लिए उड़ान भरी। लेकिन टेकऑफ के कुछ ही सेकंड बाद विमान मेहमानीनगर के बी.जे. मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल और आसपास के रिहायशी इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। जिस वजह से 265 लोगों की जान चली गई। हादसे के समय विमान में 169 भारतीय, 53 ब्रिटिश, 07 पुर्तगाली, और 01 कनाडाई नागरिक सवार थे। वहीं, इस हादसे में केवल एक यात्री, 40 वर्षीय ब्रिटिश नागरिक विश्वश कुमार रमेश ही जीवित बचे, जो सीट 11A पर बैठे थे और आपातकालीन निकास द्वार के पास होने के कारण बच गए।

Leave a comment