बिहार के इस गांव से कोई भी युवा काम की तलाश में नहीं जाते परदेश, फिर भी कमाते है लाखों रुपये

बिहार के इस गांव से कोई भी युवा काम की तलाश में नहीं जाते परदेश, फिर भी कमाते है लाखों रुपये

AJAB-GAJAB: चांदी की मछली...भारत में कई गांव ऐसा हो जो किसी ना किसी वजह से प्रसिद्ध है। लेकिन आज हम आपको ऐसी गांव के बारे में बताने जा रहे है जिसके बारे में आप जानकर हैरान हो जाएंगे। इस गांव में चांदी की मछलियां तैयार की जाती है।

बिहार का अनोखा गांव

दरअसल बिहार के मनिया गांव में चांदी की मछली तैयार करने के लिए प्रसिद्ध है। यहां हर घर में चांदी की मछलियां तैयार की जाती हैं। इस गांव के लोगों ने चांदी की मछली की निर्माण कला में पीढ़ियों से महारथ हासिल कर रखी है। इतना ही नहीं इन मछलियां की देशभर में खूब डिमांड रहती है।

हर घर बनाई जाती हैचांदी की मछलियां

मनिया गांव बांका जिले के कटोरिया प्रखंड में तीन नदियों से घिरा हुआ है। इस गांव में करीब डेढ़ सौ घर हैं। यहां हर घर में लोग चांदी की मछली तैयार करते हैं। इसी से यहां के लोगों का जीवन यापन चल रहा है। इस गांव में मछली हर साइज में तैयार की जाती है।

चांदी की मछलियां आपको दो हजार से लेकर एक लाख रुपये से अधिक तक की मछलियां मिल जाएंगी। ज्यादातर लोग 10 से 15 हजार रुपये के बीच की मछलियों की मांग करते हैं। इस गांव के कोई भी युवा रोजी-रोजगार की तलाश में परदेश नहीं जाते हैं। उन्हें यहीं पर काम मिल जाता है।

Leave a comment