वेज और नॉन वेज खाने को लेकर JNU में बवाल! दो छात्र संगठनों में तकरार

वेज और नॉन वेज खाने को लेकर JNU में बवाल! दो छात्र संगठनों में तकरार

Clash Over Veg And Non veg Food: जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में एक बार फिर से हंगामा बरपा हुआ है। इस बार विवाद माही मांडवी हॉस्टल में शाकाहारी और मांसाहारी भोजन को लेकर है। हॉस्टल प्रशासन द्वारा मेस में शाकाहारी और मांसाहारी खाने के लिए अलग-अलग व्यवस्था करने के आदेश के बाद छात्रों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। 
 
बताया जा रहा है कि 28 जुलाई को हॉस्टल में एक नोटिस जारी हुआ था। जिसमें मेस में वेज और नॉन वेज भोजन के लिए अलग-अलग बनाने की बात कही गई थी। इस फैसले को लेकर छात्रों के दो गुटों के बीच बहस हो गई थी। हांलाकि, यह पहला मौका नही, जब दो गुटों में भिड़ंत हुई हो, इससे पहले भी कई मुद्दों को लेकर छात्र संगठन आमने-सामने हुए हैं।  
 
जेएनयू की समावेशी संस्कृति के खिलाफ: जेएनयूएसयू 
 
जेएनयू स्टूडेंट्स यूनियन ने यूनिवर्सिटी प्रशासन के इस फैसले का कड़ा विरोध किया है। जेएनयू स्टूडेंट्स यूनियन कहा कहना है कि ये कदम विश्वविद्यालय की समावेश संस्कृति के खिलाफ है और कैंपस की एकता तो तोड़ने वाला है। छात्रसंघ ने यूनिवर्सिटी प्रशासन से इस फैसले को तुरंत वापस लेने की मांग की है और इसे भेदभावपूर्ण नीति बताया है। वहीं, मामले को लेकर कैंपस में माहौल गर्माया हुआ है। जानकारी है कि छात्रों के दो संगठनों के बीच इसको लेकर लड़ाई हो गई है। 
 
लंबा-चौड़ा है जेएनयू कैंपस 
 
बता दें कि नई दिल्ली स्थित जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भारत की एक प्रमुख केंद्रीय यूनिवर्सिटी है। यूनिवर्सिटी की स्थापना 1969 में हुई थी और इसका नाम भारत के पहले प्रधान मंत्री जवाहरलाल नेहरू के नाम पर रखा गया है। जेएनयू की स्थापना संसद के एक अधिनियम के तहत 1969 में हुई थी। इसके संस्थापक अध्यक्ष और रेक्टर प्रो. मुनीस रजा थे और गोपालस्वामी पार्थसारथी इसके पहले कुलपति नियुक्त किए गए थे। यह नई दिल्ली के दक्षिणी भाग में लगभग 1020 एकड़ के विशाल और हरे-भरे क्षेत्र में फैला हुआ है।       

Leave a comment