
नई दिल्ली: भारत में एक बार फिर से बर्ड फ्लू का खतरा बढ़ रहा है। इस बीच केरल में 20 हजार से ज्यादा पक्षियों को मारने का आदेश दिया गया है। यानी जिन पक्षियों को बर्ड फ्लू की गंभीर बीमारी हो गई है उसे मारने के आदेश दिए गए है। वहीं केंद्र सरकार ने अलर्ट भी जारी किया है। केंद्र की टीम को जिला कलेक्टर वीआर कृष्णा ने बताया कि 15 हजार से ज्यादा बत्तखों को मारा जा चुका है।
दरअसल भारत के केरल राज्य में बर्ड फ्लू का खतरा सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है। वहीं इस बीमारी से कई पक्षियों की मौत के बाद प्रशासन एक्शन मोड में आ गया है और प्रशासन ने 20,471 बत्तखों को मारने का आदेश दिया है। साथ ही बत्तख, मुर्गी, बटेर समेत घरेलू पक्षियों के अंडे और मांस को खाने और बेचने पर भी रोक लगा दी है। ये इसलिए किया जा रहा है ताकि बर्ड फ्लू को फैलने से रोका जा सके।
क्या है बर्ड फ्लू
दरअसल बर्ड फ्लू एक वायरस इन्फेक्शन है। जो पक्षियों से पक्षियों में फैलता है और ज्यादातर पक्षियों के लिए जानलेवा भी साबित होता है। इस वायरस को एवियन इन्फ्लुएंजा भी कहते हैं। बर्ड फ्लू आमतौर पर जंगली पक्षियों के जरिए पालतू पक्षियों में फैलता है। यह वायरस पक्षियों की आंतों और श्वसन तंत्र पर हमला करता है और उन्हें बीमार कर देता है। कई मामलों में इससे पक्षियों की मौत भी हो जाती है।
बर्ड फ्लू से इंसानों को कितना खतरा
विश्व स्वास्थ्य संगठन की माने तो बर्ड फ्लू A टाइप का इन्फ्लुएंजा वायरस है, जो इंसानों के साथ-साथ जानवरों को भी संक्रमित कर सकता है। जब कोई इंसान किसी संक्रमित पक्षी से सीधे तौर पर संपर्क में आता है तो उसके भी बर्ड फ्लू से संक्रमित होने का खतरा बढ़ जाता है। अगर किसी व्यक्ति को बर्ड फ्लू होता है तो उसे हल्की या फिर गंभीर बीमारी भी हो सकती है। बर्ड फ्लू का सबसे खतरनाक वायरस H5N1 होता है। H5N1 से संक्रमित होने पर ज्यादातर लोगों की मौत हो जाती है।
Leave a comment