New Car Tips: हर किसी का सपना होता है अपनी पसंद की ड्रीम कार खरीदना और इस सपने को पूरा करने के लिए कई लोग लोन तक ले लेते हैं। जिसके लिए उन्हें ऑफिस में ओवरटाइम या ऑफिस के साथ किसी दूसरी जगह काम करते हैं, इसी उम्मीद में कि कार आने के बाद सबकुछ ठीक हो जाएगा। लेकिन कई बार डिलीवरी के बाद छोटी-छोटी समस्याएं शुरू हो जाती हैं, जो हमारी हिम्मत चोड़ देती है। जिनकी वजह से हमें बार-बार सर्विस सेंटर जाना पड़ता है। तो ऐसे में सबसे ज्यादा जरूरी है स्मार्ट खरीदारी करना। अगर आप सही तैयारी करें तो न सिर्फ पैसे बचेंगे, बल्कि लंबे समय तक कार बिना किसी परेशानी के चलती रहेगी।
डिलीवरी से पहले पूरी PDI जरूरी
नई कार लेते समय सबसे जरूरी कदम है प्रोफेशनल PDI (Pre-Delivery Inspection) कराना। कार फैक्ट्री से लेकर डीलरशिप तक यात्रा करती है, जिसमें खरोंच, डेंट या पार्ट्स की समस्या आ सकती है। इसके लिए आपको कार की बाहरी जांच करनी होगी। कार की बॉडी, पेंट, हेडलाइट्स, टेललाइट्स, डेंट, मिसमैच कलर और ग्लास चेक करें। इसके अलावा सीट्स, डैशबोर्ड, एसी वेंट्स, इंफोटेनमेंट सिस्टम और सभी बटन टेस्ट करें। साथ ही, इंजन और फ्लूइड्स पर भी ध्यान दें।
सर्विस नेटवर्क और मेंटेनेंस कॉस्ट
कई लोग कार चुनते समय सिर्फ माइलेज और लुक्स पर ध्यान देते है। लेकिन इसके बाद आपको ब्रांड का सर्विस नेटवर्क, पार्ट्स की उपलब्धता और मेंटेनेंस खर्चा भी देखना होता है। क्योंकि कई कार कंपनियां ऐसी है जिनके पार्ट्स आसानी से मिल जाती है, लेकिन कुछ पार्ट्स के लिए भटकना पड़ता है।
रिसर्च और बजट प्लानिंग
समय के बाद कार मॉडल के फीचर्स बदलते रहते है। ऐसे में वर्तमान समय के मॉडल vs पिछले साल का मैन्युफैक्चर्ड कारों के बारे में अच्छे से रिसर्च करें। इसके अलावा अपनी आवश्यकता के अनुसार ही कार का चयन करें और फाइनेंस पहले से अरेंज कर लें, ताकि बाद में कोई दिक्कत ना हो।
मैनुअल जरूर पढ़ें
अक्सर लोग कार के साथ दिए मैनुअल को इग्नोर कर देते हैं। जो आपकी सबसे बड़ी गलती। क्योंकि मैनुअल में उस सामान से जुड़ी सारी जानकारी होती है, जिसे जानना आपके लिए जरूरी होता है।