बिहार से बंगाल तक पहुंचा SIR का मुद्दा, EC ने मुख्य सचिव को दिए वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन का आदेश

बिहार से बंगाल तक पहुंचा SIR का मुद्दा, EC ने मुख्य सचिव को दिए वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन का आदेश

SIR In Bengal: बिहार के सियासी गलियारों से शुरू हुआ विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) का मुद्दा अब पश्चिम बंगाल तक पहुंच गया है। सरल शब्दों में कहें तो चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल में भी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया शुरू कर दी है। आयोग ने पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर इसकी सूचना दी है और निर्वाचन अधिकारियों को मतदाता सूची के SIR की प्रक्रिया तत्काल शुरू करने का निर्देश दिया है। बता दें कि बिहार में भी मतदाता सूची के पुनरीक्षण का कार्य अपने अंतिम चरण में है। SIR प्रक्रिया के तहत बिहार में 1अगस्त 2025को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी की जा चुकी है।

बिहार में मतदाता सूची से हटेंगे 65लाख नाम

बिहार में मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण के बाद लगभग 65लाख लोगों के नाम हटाए जाएंगे। इनमें अधिकांश वे मतदाता हैं जो अब जीवित नहीं हैं। इसके अलावा, कुछ ऐसे वोटर हैं जो स्थायी रूप से अन्य राज्यों में चले गए हैं। साथ ही, कुछ मामलों में एक ही मतदाता का नाम विभिन्न निर्वाचन क्षेत्रों में दर्ज पाया गया। विपक्ष ने इस पुनरीक्षण प्रक्रिया का कड़ा विरोध किया है। उनका दावा है कि यह कदम भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के इशारे पर उठाया गया है और इसे वोटों की चोरी का प्रयास बताया जा रहा है। विपक्ष का कहना है कि यह प्रक्रिया मतदाताओं के अधिकारों को प्रभावित कर सकती है।

Leave a comment