" राजा भैया ने की साजिश, कैसे मिल गई क्लीन चिट...", जिया उल हक के माता-पिता ने फैसले पर उठाए सवाल

Zia Ul Haq Case:उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में सीओ जियाउल हक हत्या कांड में सीबीआई की विशेष अदालत ने फैसला सुना दिया है। अदालत ने सभी 10दोषियों को उम्रकैद की सजा दी है। हालांकि कोर्ट के फैसले उनके माता-पिता ने खुशी जाहिर की है। साथ ही कुंडा विधायक रघुराज सिंह उर्फ राजा भैया को क्लीन चीट देने पर नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने कहा कि मामले के मुख्य साजिशकर्ता राजा भैया थे। 

क्या कहा जियाउल हक के माता-पिता ने ?          

सीबीआई कोर्ट का फैसला आने के बाद जियाउल हक के माता पिता ने मीडिया से बात की। इस दौरान उन्होंने कहा कि हम सीबीआई कोर्ट के फैसले से संतुष्ट हैं, लेकिन राजा भैया ने इस पूरी वारदात का चक्रव्यूह रचा उसके बचने का मलाल भी है। उन्होंने कहा कि 11साल बाद फैसला आया है। ठीक फैसला आय़ा है। जियाउल हक के पिता शमशुल हक कहते हैं कि जब बेटे की याद आती है तो खाना-पिना हराम हो जाता है। नींद उड़ जाती है। सदमें में हमारी तबीयत बिगड़ गई। परिवार अभी तक उस गम से बाहर नहीं आया है।

इन लोगों को दी गई सजा

लखनऊ में सीबीआई की विशेष अदालत ने कुंडा से डीएसपी रहे जिया उल हक की हत्या के मामले में 10आरोपियों को सजा दी है। इस मामले में शुक्रवार को स्पेशल कोर्ट में सुनवाई करते हुए फैसला सुनाया था। कोर्ट ने इस मामले में जिन्हें दोषी पाया है उनके नाम है फूलचंद यादव, पवन यादव, मंजीत यादव, घनश्याम सरोज, राम लखन, छोटे लाल यादव, राम आश्रय, मुन्ना लाल यादव, शिवराम पासी और जगत पाल है। इस मामले में डीएसपी की पत्नी परवीन ने शिकायत की थी। जिनमें कुंडा विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया और ग्राम प्रधान गुलशन यादव समेत कई लोगों ने नाम दिए गए थे। हालांकि सीबीआई जांच में राजा भैया और गुलशन यादव को क्लीन चिट मिल चुकी है।

क्या था मामला ?

सीबीआई के अनुसार साल 2013 में कुंडा के डीएसपी जिया उल हक पुलिस पार्टी के साथ बालीपुर इलाके के प्रधान नन्हें यादव के घर गए थे। उस समय क्षेत्र में नन्हे यादव की हत्या होने के कारण हालात काफी खराब हो गए थे। जिसके बाद कानून के कानून- व्यवस्था खराब हो गए थे। आरोप है कि पुलिस पार्टी के गांव में पहुंचने के बाद मृतक नन्हे यादव के परिवार वाले और उनके समर्थक और उग्र हो गए थे। जिसके बाद उन्होंने पुलिस के ऊपर लाठी डंडों और अन्य हथियारों से हमला बोल दिया था। इस दौरान भीड़ ने कुंडा सीओ जिया उल हक की हत्या कर दी थी। कोर्ट अब इस मामले सभी दोषियों को सजा सुना दी है।    

Leave a comment