पाकिस्तानी कप्तान के लिए ये है सुनहरा मौका, साल 1992 वाला बन रहा है संयोग

पाकिस्तानी कप्तान के लिए ये है सुनहरा मौका, साल 1992 वाला बन रहा है संयोग

नई दिल्ली: पाकिस्तान और इंग्लैंड के बीच टी20 विश्व कप का फाइनल मुकाबला मेलबर्न में रविवार को खेला जाएगा। पाकिस्तान ने सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड और इंग्लैंड ने भारत को हराया था। दोनों टीमें 30 साल बाद किसी विश्व कप के खिताबी मुकाबले में आमने-सामने होगी। साल 1992 में पाकिस्तान ने वनडे विश्व कप के फाइनल में इंग्लैंड को हराया था। उस जीत के बाद तत्कालीन कप्तान इमरान खान देश के हीरो बन गए थे। बाद में वह पाकिस्तान के प्रधानमंत्री भी बने। वहीं अब बाबर आजम के पास इमरान खान की तरह इतिहास रचने का मौका है।

2009 में भी फाइनल जीती थी पाकिस्तानी टीम

ऐसा नहीं है कि पाकिस्तान पहली बार टी20 विश्व कप के फाइनल में पहुंचा है। इससे पहले वह 2009 में खिताब भी जीत चुका है। तब उसने फाइनल में श्रीलंका को हराया था। शाहिद अफरीदी उस जीत के हीरो थे। तब यूनुस खान कप्तान थे। बाबर अगर इस बार टीम को जीत दिलाते हैं तो वह टी20 वर्ल्ड कप जीतने वाले दूसरे पाकिस्तानी कप्तान होंगे।

इस बार के फाइनल को 1992 से क्यों जोड़ा जा रहा है

दरअसल, पाकिस्तान की टीम टूर्नामेंट में एक समय बाहर होने के कगार पर थी। नीदरलैंड ने दक्षिण अफ्रीका को हराकर उसे जीवनदान दे दिया। पाकिस्तान ने इसका फायदा उठाया और बांग्लादेश को हराकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की की। उसने फिर वहां न्यूजीलैंड को हराया और अब पाकिस्तान से भिड़ंत होगी। इस सफर कई ऐसी चीजें हैं जो 1992 के सफर से मेल खाती है।

Leave a comment