NEET-UG Paper Leak: राउज एवेन्यू अदालत ने बुधवार को कथित NEET-UG पेपर लीक मामले में आरोपी प्रहलाद कुलकर्णी और शिवराज रघुनाथ मोटेगांवकर की न्यायिक हिरासत 8 जुलाई तक बढ़ा दी। न्यायिक हिरासत की अवधि समाप्त होने के बाद आरोपियों को अवकाशकालीन न्यायाधीश रुचि अग्रवाल असरानी के समक्ष पेश किया गया। अदालत ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की हिरासत बढ़ाने की याचिका को स्वीकार करते हुए दोनों आरोपियों को 8 जुलाई तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत है आरोपी
सीबीआई की ओर से लोक अभियोजक नीतू सिंह ने दोनों आरोपियों की न्यायिक हिरासत 14 दिन बढ़ाने का अनुरोध किया। सीबीआई ने अब तक इस मामले में मांगी लाल बिवाल, विकास बिवाल, दिनेश बिवाल, यश यादव, शुभम खैरनार, मनीषा वाघमारे, प्रहलाद कुलकर्णी, धनंजय लोखंडे, मनीषा मंधारे, शिवराज रघुनाथ मोटेगांवकर, मनीषा संजय हावलदार और डॉ. मनोज शिरुरे को गिरफ्तार किया है। ये सभी फिलहाल एजेंसी द्वारा पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत में हैं।
बहन की शादी में शामिल होने की अनुमति मिली थी
इससे पहले, अदालत ने आरोपी यश यादव को 21 जून को पुनर्निर्धारित NEET-UG परीक्षा में बैठने और 22 जून को अपनी बहन की शादी में हिरासत में शामिल होने की अनुमति दी थी। अदालत ने आरोपी मनीषा वाघमारे की नियमित जमानत याचिका भी खारिज कर दी थी। यादव को NEET UG परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक मामले में गिरफ्तार किया गया है और वह न्यायिक हिरासत में हैं। उन्होंने NEET UG परीक्षा में बैठने और अपनी बहन की शादी में शामिल होने के लिए 15 दिन की अंतरिम जमानत मांगी थी।
न्यायाधीश दिया निर्देश
अवकाशकालीन न्यायाधीश विशाल गोगने ने आवेदन स्वीकार करते हुए जेल अधिकारियों को निर्देश दिया कि यश यादव को 21 जून को NEET परीक्षा के लिए हिरासत में लिया जाए। अवकाशकालीन न्यायाधीश विशाल गोगने ने कहा कि यह देखा गया है कि हालांकि आवेदक पर उस परीक्षा के गोपनीय प्रश्नों के गलत प्रसार और व्यापार के गंभीर आरोप हैं जिसमें वह अब उपस्थित होना चाहता है, लेकिन एक छात्र के रूप में उसके अधिकारों को परीक्षा में बैठने के अवसर से वंचित करके जमानत को सजा में नहीं बदला जा सकता है।
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