Haryana News: हरियाणा सरकार प्रदेश के नागरिकों को स्वरोजगार के बेहतर अवसर प्रदान करने तथा दुग्ध एवं दुग्ध उत्पादों की बिक्री को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इसी कड़ी में 'द हिसार-जींद को-ऑपरेटिव मिल्क प्रोड्यूसर्स यूनियन लिमिटेड' (वीटा) द्वारा हिसार ज़िले में विभिन्न निर्धारित स्थानों पर वीटा मिल्क बूथों के आवंटन की प्रक्रिया शुरू की गई है।
एक सरकारी प्रवक्ता ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि राज्य सरकार द्वारा समाज के सभी वर्गों का ध्यान रखते हुए इन मिल्क बूथों के आवंटन में विशेष आरक्षण व्यवस्था लागू की गई है। इसके तहत शारीरिक रूप से दिव्यांगजनों, महिलाओं व युद्ध विधवाओं, पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति , दुग्ध उत्पादकों के आश्रितों, महिला स्वयं सहायता समूहों तथा रक्षा बलों के पूर्व सैनिकों के लिए अलग-अलग स्थानों पर बूथ आरक्षित किए गए हैं, जबकि कुछ स्थानों को सामान्य वर्ग के लिए भी रखा गया है। यह पहल न केवल स्थानीय निवासियों को शुद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण डेयरी उत्पाद उपलब्ध कराएगी, बल्कि युवाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में भी अहम भूमिका निभाएगी।
सरकारी प्रवक्ता ने आगे बताया कि इच्छुक आवेदक 500 रुपये का आवेदन शुल्क, निर्धारित सुरक्षा राशि (5000 रुपये) तथा आवश्यक दस्तावेजों के साथ अपना आवेदन 'द हिसार-जींद को-ऑपरेटिव मिल्क प्रोड्यूसर्स यूनियन लिमिटेड' के कार्यालय में जमा करवा सकते हैं। आवेदन पत्र, नियम एवं शर्तें और बूथ आवंटन की विस्तृत जानकारी विभाग की आधिकारिक वेबसाइट www.vita-haryana.gov.in तथा दिए गए क्यूआर कोड को स्कैन करके प्राप्त की जा सकती है। आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 23 नवंबर 2026 शाम 5:00 बजे तक निर्धारित की गई है।
प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि आवंटन प्राप्त करने के बाद आवेदक को 15 दिनों के भीतर नगर निगम या सक्षम प्राधिकारी से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) प्राप्त करना होगा। यदि किसी कारणवश निर्धारित स्थान पर बूथ लगाने की अनुमति नहीं मिलती है, तो यूनियन किसी अन्य उपयुक्त स्थान पर आवंटन करने का प्रयास करेगी, लेकिन किसी भी स्थिति में सुरक्षा राशि जब्त नहीं की जाएगी।