7 MPs To Meet President: आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल हुए सभी सातों सांसद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात करने वाले हैं। सभी 5 मई को सुबह 10.40 बजे राष्ट्रपति से औपचारिक तौर पर मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति ने 5 मई को सुबह 10:40 मिलने का वक्त दिया है। ये सांसद विलय करने वालों के खिलाफ पंजाब सरकार द्वारा कथित राजनीतिक बदले की भावना के तहत काम करने की शिकायत करेंगे।
हाल में अरविंद केजरीवाल को एक बड़ा राजनीतिक झटका उस समय लगा, जब राज्यसभा में AAP के सात सांसद भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे। राज्यसभा के सभापति ने इन सांसदों के भाजपा में विलय के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। भाजपा में शामिल होने वाले सांसद हैं, राघव चड्ढा, संदीप पाठक, हरभजन सिंह, स्वाति मालीवाल, अशोक कुमार मित्तल, विक्रमजीत सिंह साहनी और राजेंद्र गुप्ता।
AAP में हुई बड़ी टूट
गौरतलब है कि यह घटनाक्रम अप्रैल 2026 के आखिर में हुए एक बड़े बदलाव के साथ हुआ। जिसमें AAP के सात राज्यसभा सांसद, जो राज्यसभा में पार्टी की दो-तिहाई से ज्यादा ताकत हैं, पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी का दामना थाम लिए थे। चड्ढा के नेतृत्व में सांसदों ने अपने सांसद के पद को बनाए रखने के लिए दलबदल विरोधी कानून के नियमों का इस्तेमाल किया है।
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राज्यसभा चेयरमैन ने दी विलय को मंजूरी
आपको बता दें कि दसवीं अनुसूची के पैराग्राफ 4 के अनुसार, अगर किसी लेजिस्लेचर पार्टी के कम से कम दो-तिहाई सदस्य किसी दूसरी पार्टी में मर्ज होने के लिए तैयार होते हैं, तो लेजिस्लेटर्स को डिसक्वालिफिकेशन से छूट मिलती है। इस प्रोविजन ने ग्रुप को राज्यसभा चेयरमैन को डॉक्यूमेंट्स जमा करने के बाद भाजपा सांसद के तौर पर बने रहने की इजाजत दी, जिन्होंने मर्जर को मंजूरी दी थी।