Chandra Grahan 2023: सूतक काल की हुई शुरूआत, मंदिरों के कपाट हुए बंद

Chandra Grahan 2023:  सूतक काल की हुई शुरूआत, मंदिरों के कपाट हुए बंद

Chandra Grahan 2023: साल का अंतिम चंद्र ग्रहण आज रात लग जाएगा। क्योंकि ये चंद्र ग्रहण भारत में भी दिखाई देगा यही वजह है कि लोग इसके समय और सूतक काल के नियमों को लेकर गंभीरता दिखा रहे हैं। ज्योतिष विद्वानों के अनुसार, सूतक काल चंद्र ग्रहण से ठीक 9 घंटे पहले लागू हो जाता है। सूतक काल में शुभ और मांगलिक कार्य नहीं किया जाता है। आज के चंद्र ग्रहण का सूतक काल शाम 04बजकर 05 मिनट पर लग चुका है।  इस अवधि में मंदिरों के कपाट बंद रहते हैं। सूतक काल के समय को को दूषित काल माना जाता है क्यों कि इस दौरान वातावरण में कई नकारात्मक तत्व मौजूद रहते हैं। इस समय को अशुभ माना गया है। इस दौरान पूजा-पाठ या भगवान की मूर्तियों को स्पर्श नहीं करना चाहिए।

सूतक काल के क्या है नियम

सूतक काल के दौरान गर्भवती महिलाओं को विशेष ध्यान रखने की आवश्यकता होती है।

गर्भवती महिलाओं को सूतक काल में खाना नहीं बनाना चाहिए और चाकू, कैंची, सुई आदि किसी भी नुकीली चीज का भी इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

सूतक काल के दौरान वातावरण में नकारात्‍मकता होने के कारण सभी के लिए खाना बनाने और खाने की मनाही होती है।

ग्रहण के दौरान खाने की चीजों में तुलसी का पत्ता डाल देना चाहिए। तुलसी का पत्‍ता डालने से वो चीज दूषित नहीं होती।

भारत के अलावा इन देशों में दिखेगा चंद्र ग्रहण

आज लगने वाला चंद्र ग्रहण भारत के सभी राज्यों में दिखाई देगा। चंद्र ग्रहण का नजारा मुंबई, बैंगलोर, लखनऊ, दिल्ली, पटना, हिमाचल प्रदेश और अहमदाबाद जैसे राज्यों में दिखाई देगा। ये ग्रहण रात तकरीबन 01 बजकर 06 मिनट पर दिखाई देगा और इसका अंत 3 बजकर 56 मिनट पर होगा। ये चंद्र ग्रहण  भारत के अलावा ऑस्ट्रेलिया, एशिया, यूरोप, अफ्रीका, ईस्टर्न साउथ अमेरिका, नॉर्थ-ईस्ट नॉर्थ अमेरिका, अटलांटिक महासागर, हिंद महासागर और दक्षिण-पश्चिम प्रशांत महासागर में दिखाई देगा।

Leave a comment