Akhilesh Yadav PDA Rath: समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने आज 24 सितंबर 2026 गुरूवार से 2027 के राज्य चुनावों के लिए अपने प्रचार अभियान की शुरुआत कर दी है। सपा प्रमुख की लखनऊ से रायबरेली तक की 'PDA रथ' का शुभारंभ ' हो चुका है। इस बीच एक पोस्टर सामने आया है, जिसमें अखिलेश यादव को 'भगवान कृष्ण' के रूप में दिखाया गया है। ये पोस्टर रायबरेली में लगाया गया।
भगवान कृष्ण बने सपा प्रमुख अखिलेश
दरअसल, यह पोस्टर पार्टी के 'PDA रथ' पर सवार होकर जिले के उनके निर्धारित दौरे से ठीक पहले लगाया गया। SP युवजन सभा के प्रदेश सचिव अधिवक्ता विश्वास दुबे द्वारा एक मुख्य सड़क पर लगाए गए इस विशाल बैनर में उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री को भगवान कृष्ण के रूप में मोरपंखों का मुकुट पहने, पारंपरिक पीले वस्त्र धारण किए और बांसुरी बजाते हुए दिखाया गया है, जबकि उनके साथ खड़े स्थानीय पार्टी कार्यकर्ता को सुदामा के रूप में दर्शाया गया है। बैनर पर यादव को 'PDA महाननायक' बताते हुए प्रमुखता से संबोधित किया गया है और लिखा है 'मेरे माधव, आपका सुदामा की धरती रायबरेली में स्वागत है!'
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भगवान कृष्ण वाले पोस्टर पर सपा विधायक राहुल लोधी का बयान
सपा अध्यक्ष के आगमन से पहले पोस्टर पर प्रतिक्रिया देते हुए, हरचंदपुर सपा विधायक राहुल लोधी ने पौराणिक चित्रण का बचाव किया और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तीखा हमला करते हुए सत्ताधारी पार्टी पर समाज को बांटने का प्रयास करने का आरोप लगाया। लोधी ने कहा 'भारतीय जनता पार्टी की मानसिकता निश्चित रूप से भ्रष्ट है; मैं यह जानता हूं और इसे अच्छी तरह समझता हूं। मैं यह भी जानता हूं कि वे समाज में अपनी नीतियों को लागू करने के लिए चाहे जितनी भी कोशिश कर लें, वे कभी सफल नहीं होंगे। उनके नेता लोगों को भड़काने और जातिगत आधार पर बांटने में माहिर हैं; वे अपने स्वार्थों की पूर्ति के लिए लोगों को हमेशा आपस में लड़वाते रहेंगे। जहां तक होर्डिंग्स की बात है, तो द्वापर युग में सुदामा भगवान कृष्ण के साथी थे और उनके साथ रहते थे; यह परंपरा उसी युग से चली आ रही है, इसलिए हमें इससे कोई आपत्ति नहीं है।' यह होर्डिंग अखिलेश यादव के लखनऊ से रायबरेली पहुंचने से कुछ घंटे पहले ही लगाया गया था, जहां वे लोधी के आवास पर चाय पीने के लिए आए थे।
बता दें, यह दौरा समाजवादी छात्र सभा और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यकर्ताओं के बीच हाल ही में हुई झड़प के बाद हो रहा है, जिसमें लोधी ने आरोप लगाया था कि स्थानीय पुलिसकर्मियों ने उन पर हमला किया था - हालांकि जिला पुलिस प्रशासन ने इस आरोप का खंडन किया है। 'PDA रथ' पर किया गया यह महत्वपूर्ण दौरा समाजवादी पार्टी के मध्य उत्तर प्रदेश में व्यापक लामबंदी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है, जो 2027 के राज्य विधानसभा चुनावों से पहले पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्याक) गठबंधन पर केंद्रित है।