Tiger Shroff Firing Incident: टाइगर श्रॉफ पर हुई फायरिंग की घटना के बाद मुंबई क्राइम ब्रांच ने 20 टीमें गठित कीं। CCTV फुटेज की मदद से मुंबई पुलिस ने संदिग्ध हमलावरों के रास्ते का पता लगाया और कोटा पुलिस की सहायता से उन्हें कोटा में गिरफ्तार कर लिया। इस मामले की जानकारी देते हुए क्राइम ब्रांच के DCP राज तिलक रोशन ने प्रेस ब्रीफिंग के दौरान बताया कि 'कल शाम करीब 7 बजे एक मशहूर फिल्म अभिनेता की कार पर फायरिंग हुई। बाइक पर तीन लोग सवार थे; उनमें से दो ने फायरिंग की और फिर बाइक पर सवार होकर फरार हो गए। क्राइम ब्रांच की करीब 20 विशेष टीमें गठित की गईं। फील्ड वर्क और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर बाइक को अंधेरी पश्चिम रेलवे स्टेशन के पास ट्रेस किया गया। सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी विश्लेषण के आधार पर हमने तीनों के रास्ते का पता लगाया। पता चला कि वे उत्तरी मुंबई की ओर गए और फिर सूरत के लिए रवाना हो गए।'
DCP ने आगे कहा 'हमें पता चला कि वे पुणे-जयपुर एक्सप्रेस से रवाना हुए थे। हमने पता लगाया कि वे किस डिब्बे में थे और कोटा पुलिस को सूचना दी। कोटा पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया और फिर हमने उन्हें अपनी हिरासत में ले लिया। उन्हें मुंबई लाने की प्रक्रिया चल रही है। दिल्ली पुलिस, गुजरात पुलिस और राजस्थान पुलिस ने इस मामले में हमारी मदद की है। शुरू में हत्या के प्रयास की धारा और शस्त्र अधिनियम की धाराएं लगाई गई हैं। जैसे-जैसे हमें और जानकारी मिलेगी, हम आगे की कार्रवाई करेंगे और अधिक लोगों को गिरफ्तार किया जाएगा।'
Also read: जामा मस्जिद मेट्रो स्टेशन पर संदिग्ध को CISF ने दौड़ाकर पकड़ा, अंडरगारमेंट में छिपा रखी थी संदिग्ध चीज
कोई धमकी भरे फोन रिकॉर्ड नहीं मिला
मुंबई पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि टाइगर श्रॉफ को घटना से पहले कोई धमकी भरे फोन नहीं मिले थे, जैसा कि रविवार को वायरल हुई एक पोस्ट में दावा किया गया था। DCP ने बताया 'हमारे पास इस बात का कोई रिकॉर्ड नहीं है कि टाइगर श्रॉफ को इस घटना के संबंध में पहले से कोई धमकी भरे फोन आए थे। हमने जांच शुरू कर दी है और समय के साथ इस मामले में हुई बड़ी साजिश का खुलासा हो जाएगा। हम ऐसे मामलों से संबंधित मानक परिचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) और पहले के अदालती आदेशों का पालन कर रहे हैं। हमारे पास फिलहाल तीन आरोपी हैं; दो हरियाणा से और एक बिहार से है। इस मामले में कोई नाबालिग आरोपी नहीं है। हम VIP को उनकी खतरे की आशंका के अनुसार सुरक्षा प्रदान करने की मानक परिचालन प्रक्रिया (एसओपी) का पालन कर रहे हैं।'
DCP राज तिलक रोशन ने कहा 'टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग की घटना की जिम्मेदारी लेने वाले सोशल मीडिया पोस्ट की हम जांच कर रहे हैं और इसकी पड़ताल करेंगे। सीसीटीवी फुटेज से हमें पता चला है कि आरोपी घटना के बाद भी करीब 15 मिनट तक घटनास्थल पर मौजूद थे। हमें श्रॉफ परिवार को पहले से मिली धमकियों के बारे में कोई जानकारी नहीं है। आरोपियों ने घटना के दौरान कुल 5 राउंड फायरिंग की।'
क्या है पूरा मामला?
बता दें, यह मामला रविवार शाम करीब 7 बजे मुंबई के जुहू इलाके में हुई गोलीबारी से संबंधित है, जब अभिनेता टाइगर श्रॉफ एक फुटबॉल क्लब से निकल रहे थे। आरोपियों ने कथित तौर पर अभिनेता की कार पर गोली चलाई। हालांकि अभिनेता को सीधे गोली लगने से चोटें नहीं आईं। इस घटना में उनके ड्राइवर को चोटें आईं। जबकि कोटा शहर पुलिस ने इस घटना के संबंध में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, उन्हें ट्रेन में यात्रा करते समय पकड़ा गया। भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109(1) और 3(5) के साथ-साथ शस्त्र अधिनियम की धारा 3 और 25 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आगे की जांच जारी है।