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HARYANA NEWS: युवाओं में इंटरप्रेन्योरशिप को बढ़ावा देने के लिए बजट में करेंगे 100 करोड़ का प्रावधान - दुष्यंत चौटाला

Parth Jha | 24 Jun, 2023

चंडीगढ़: हरियाणा के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कहा कि हरियाणा सरकार अपने आगामी राज्य-बजट में नए इनोवेटिव इन्सेंटिव, इन्क्यूबेशन सेंटर की स्थापना और लोन के रूप में लोगों की सहायता के लिए लगभग 100करोड़ रुपये का प्रावधान किया जाएगा, इससे प्रदेश में संतुलित क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा मिलेगा और इंटरप्रेन्योरशिप को प्रोत्साहन मिलेगा।

डिप्टी सीएम, जिनके पास उद्योग एवं वाणिज्य विभाग का प्रभार भी है, ने आज एसोचैम द्वारा गुरुग्राम में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि चंडीगढ़ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ते हुए कहा कि राज्य सरकार प्रदेश को प्रतिस्पर्धी और सबसे पसंदीदा निवेश गंतव्य के रूप में बनाना चाहती है।दुष्यंत चौटाला ने कहा हरियाणा सरकार का लक्ष्य एमएसएमई क्षेत्र में 1लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश आकर्षित करके 5लाख नौकरियां पैदा करना है ताकि हरियाणा अपने देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में अहमभूमिका निभा सके।

उन्होंने बताया कि हरियाणा में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के क्षेत्र में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। पिछले पांच वर्षों में ही 2,81,024नई एमएसएमई विनिर्माण इकाइयां पंजीकृत हुई हैं , जिनसे 15लाख से अधिक नौकरियों के अवसर पैदा हुए हैं।उन्होंने बताया कि हरियाणा सभी उत्तरी राज्यों में शीर्ष रैंकिंग पर पहुंच गया है, जिसने राज्य की जीडीपी और रोजगार में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।दुष्यंत चौटाला ने कहा कि एमएसएमई पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के लिए प्रदेश में भी PADMA योजना कार्यक्रम शुरू किया गया था। इस व्यापक कार्यक्रम का उद्देश्य क्लस्टर स्तर पर गतिशील और आत्मनिर्भर औद्योगिक बुनियादी ढांचे की स्थापना करना, स्थानीय उत्पाद को बढ़ावा देना और युवाओं और विशेषकर अंत्योदय परिवारों के लिए रोजगार के अवसर पैदा करना है। उन्होंने बताया कि PADMA योजना में एमएसएमई के क्षेत्र में आगे बढ़ने, उद्यमशीलता को प्रोत्साहित करने और स्टार्ट-अप को बढ़ावा देने के लिए 200करोड़ रुपये का उद्यम पूंजी कोष रखा गया है।

उपमुख्यमंत्री ने बताया कि कपड़ा उद्योग के क्षेत्र में आगे बढ़ने की क्षमता को पहचानते हुए राज्य सरकार ने प्रदेश में "हरियाणा आत्मनिर्भर टेक्सटाइल पॉलिसी" लागु की गई है। उन्होंने बताया कि प्रोत्साहन, बुनियादी ढांचे के समर्थन और कौशल विकास कार्यक्रमों के एक मजबूत पैकेज के माध्यम से इस नई नीति ने कपड़ा क्षेत्र में निवेश, नवाचार और रोजगार सृजन को प्रोत्साहित किया है। उन्होंने आगे बताया कि यह नीति प्रदेश से कपड़ा के निर्यात में अहम भूमिका निभाएगी।