Tamil Nadu News: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय ने राज्य के सरकारी कर्मचारियों, शिक्षकों, पेंशनर्स और पारिवारिक पेंशनर्स को बड़ी राहत दी है। सरकार ने महंगाई भत्ते यानी डीए में 2 प्रतिशत बढ़ोतरी का ऐलान किया है। इसके बाद डीए 58 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत हो गया है। यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से लागू मानी जाएगी। राज्य सरकार के सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि इस फैसले का फायदा करीब 16 लाख कर्मचारियों, शिक्षकों और पेंशनर्स को मिलेगा। सरकार के अनुसार, केंद्र सरकार द्वारा केंद्रीय कर्मचारियों का डीए बढ़ाने के बाद तमिलनाडु सरकार ने भी अपने कर्मचारियों को समान लाभ देने का फैसला लिया है।
जनकल्याणकारी योजनाएं हो रही लागू
सरकार ने कहा कि कर्मचारियों और शिक्षकों की मेहनत से ही राज्य की जनकल्याणकारी योजनाएं सही तरीके से लागू हो रही हैं। इसलिए उनके हितों का ध्यान रखना सरकार की प्राथमिकता है। हालांकि इस फैसले से राज्य के खजाने पर हर साल करीब 1,230 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ पड़ेगा, लेकिन इसके बावजूद सरकार ने यह कदम उठाया है।
स्टालिन ने विजय पर साधा निशाना
इधर, तमिलनाडु में "कलाइग्नार मगलीर उरिमाई थोगई” योजना की मई महीने की किस्त में देरी को लेकर राजनीति भी तेज हो गई है। एमके स्टालिन ने मुख्यमंत्री विजय पर निशाना साधते हुए सवाल उठाया कि हर महीने 15 तारीख तक मिलने वाली 1,000 रुपये की सहायता राशि अब तक महिलाओं के खातों में क्यों नहीं पहुंची।
योजना को जारी रखने में क्यों हो देरी- स्टालिन
स्टालिन ने सोशल मीडिया पर कहा कि पहले से चल रही योजना को जारी रखने में आखिर देरी क्यों हो रही है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि चुनाव से पहले 2,500 रुपये प्रति माह देने का वादा करने वाली सरकार अब 1,000 रुपये की राशि देने में भी देर कर रही है। दरअसल, यह योजना पिछली डीएमके सरकार ने शुरू की थी। इसके तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये की आर्थिक मदद दी जाती है। वहीं, विजय सरकार ने सफाई देते हुए कहा है कि योजना के पुनर्गठन का काम चल रहा है और मई महीने की राशि जल्द ही महिलाओं के बैंक खातों में भेज दी जाएगी।