Heatwave Alert: अप्रैल की झुलसा देने वाली गर्मी के बाद मई महीने की शुरुआत थोड़ी राहत भरी रही है। कई जगहों पर तेज आंधी और बारिश के कारण तापमान में 4 से 5 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई है। इससे लोगों को गर्मी से कुछ राहत जरूर मिली है। साथ ही मानसून को लेकर भी अच्छी खबर सामने आई है। हालांकि, भारत मौसम विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार मई में गर्मी का असर पूरी तरह खत्म नहीं होगा। खासकर हिमालय की तलहटी वाले क्षेत्र, ओडिशा, पूर्वी तट, तटीय आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, गुजरात और महाराष्ट्र में तेज गर्मी पड़ने की संभावना है। इन इलाकों में सामान्य से 2 से 4 दिन ज्यादा लू चल सकती है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने एडवाइजरी भी जारी की है।
मई में तापमान बढ़ने की संभावना
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि मई के दूसरे और चौथे सप्ताह में तापमान ज्यादा रहने की आशंका है। इस दौरान उत्तर-पश्चिम, मध्य और पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में लू का असर देखने को मिल सकता है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि घबराने की जरूरत नहीं है, क्योंकि सरकार इससे निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। सरकार ने राज्यों और जिलों को निर्देश दिए हैं कि पेयजल की व्यवस्था, ठंडक के इंतजाम और बिजली आपूर्ति सुचारू रखी जाए। खास तौर पर बच्चों, बुजुर्गों और बाहर काम करने वाले लोगों का ध्यान रखने को कहा गया है।
कहीं राहत तो कहीं गर्मी का प्रकोप
मौसम विभाग के अनुसार, तटीय और शहरी इलाकों में रात के समय तापमान बढ़ने से उमस भी बढ़ सकती है। गुजरात, महाराष्ट्र और पूर्वी तट के क्षेत्रों में गर्म और उमस भरा मौसम बना रह सकता है। आईएमडी के महानिदेशक डॉ. एम मोहापात्रा के मुताबिक, आमतौर पर मई और जून में 3 से 7 दिन लू चलती है, लेकिन इस साल यह संख्या औसत से 5 से 7 दिन ज्यादा हो सकती है। कुल मिलाकर, मई में मौसम मिला-जुला रहने वाला है। कहीं राहत तो कहीं गर्मी का प्रकोप देखने को मिलेगा। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और मौसम विभाग की सलाह का पालन करने की जरूरत है।